Today Hukamnama 31 July 2026: सूही महला १ घरु ९ ੴ सतिगुर प्रसादि ॥ कचा रंगु कसु्मभ का थोड़ड़िआ दिन चारि जीउ ॥ विणु नावै भ्रमि भुलीआ ठगि मुठी कूड़िआरि जीउ ॥ सचे सेती रतिआ जनमु न दूजी वार जीउ ॥१॥ रंगे का किआ रंगीऐ जो रते रंगु लाइ जीउ ॥ रंगण वाला सेवीऐ सचे सिउ चितु लाइ जीउ ॥१॥ रहाउ ॥
Today Hukamnama 31 July 2026 अर्थ: राग सूही, घर ९ में गुरु नानकदेव जी की बाणी। अकाल पुरख एक है और सतगुरु की कृपा द्वारा मिलता है। (जिव माया के सुंदरपण को देख देख कर फूलता है, परन्तु यह माया का साथ कुसंभे के रंग जैसा ही है) कुसंभे के फूल का रंग कच्चा होता है, थोड़े समय ही रहता है, चार दिन ही ठहरता है। माया की व्यपारी जिव-स्त्री प्रभु-नाम से दूर हो के (माया-कुसंभे के) भ्रम में कुराहे आ जाती है, ठगी जाती है , और इस का आत्मिक जीवन (का सरमाया) लुट जाता है। हे भाई! अगर सदा-थिर प्रभु के प्यार-रंग में रंगे जाएं, तो बार बार जन्म (का चक्र) ख़तम हो जाता है।१। हे भाई! जो मनुख परमात्मा का प्रेम-रंग लगा कर रंगे जाता हैं उनके रंगे हुए मन को किसी और रंग की जरुरत नहीं रह जाती (नाम में रंगे को) किसी और कर्म-सुहज की जरुरत नहीं रहती। (पर यह नाम-रंग परमात्मा खुद ही देता है, सो) उस सदा-थिर रहने वाले को और (जीवों के मन को अपने प्रेम रंग से) रंगने वाले प्रभु को सच्चे मन से सुमिरन करना चाहिये।१।रहाउ।
मेष: दिन शुभ रहेगा...