एंटरटेनमेंट डेस्क: फिल्म डकैत को मिल रही सफलता और दर्शकों के अच्छे रिस्पॉन्स के बीच, अभिनेता अड़ीवी शेष ने फिल्म के इमोशनल पहलू पर बात की है। उन्होंने इसे क्लासिक रोमियो और जूलियट की कहानी का एक नया और आज के समय के हिसाब से बनाया गया रूप बताया है, जिसे ग्रामीण भारत के सच्चे और कच्चे माहौल में दिखाया गया है।
हालांकि डकैत में एक्शन और बदले की कहानी भी है, लेकिन शेष के मुताबिक इसका असली केंद्र दो पुराने प्रेमियों की कहानी है, जिनका बीता हुआ रिश्ता आज भी उनकी ज़िंदगी को प्रभावित करता है। फिल्म दिखाती है कि अधूरा रह गया प्यार समय के साथ कैसे बदल जाता है-कभी चाहत में, कभी गुस्से में और कभी माफी या सुधार की भावना में।
इस बारे में बात करते हुए अड़ीवी शेष कहते हैं, “मेरे लिए डकैत सिर्फ टकराव या बदले की कहानी नहीं है। इसके दिल में एक प्रेम कहानी है। यह हमारे समय की रोमियो-जूलियट जैसी कहानी है, लेकिन एक ऐसे माहौल में जो बहुत सच्चा और जमीन से जुड़ा हुआ लगता है। ये दो लोग हैं जो कभी एक-दूसरे से बहुत प्यार करते थे, लेकिन जिंदगी ने उन्हें अलग रास्तों पर ले गया। जब वे फिर मिलते हैं, तो यह सिर्फ पुराने एहसासों को वापस पाने की बात नहीं होती, बल्कि उस सबका सामना करने की बात होती है जो समय के साथ उनके प्यार में बदल चुका है।”

वह आगे बताते हैं कि उन्हें इस कहानी की सबसे खास बात इसकी भावनाओं की सच्चाई लगी। “हमेशा से ‘हमेशा रहने वाले प्यार’ का विचार मुझे आकर्षित करता रहा है। परियों की कहानी की तरह नहीं, बल्कि इस तरह कि वो आपके अंदर बना रहता है, चाहे रिश्ते बदल जाएं या खत्म हो जाएं। डकैत में प्यार खत्म नहीं होता, वो बदल जाता है – कभी दर्द में, कभी ताकत में, और कभी बदले में।”
एक ग्रामीण भारत की पृष्ठभूमि में बनी यह फिल्म सिर्फ लोकेशन नहीं, बल्कि कहानी का अहम हिस्सा बन जाती है, जो भावनाओं और दांव-पेच को और गहरा करती है। पुराने प्रेमियों का दोबारा मिलना एक ऐसी कहानी की शुरुआत बनता है, जहां अतीत और वर्तमान आपस में टकराते हैं।
शेष यह भी कहते हैं कि रोमियो-जूलियट से तुलना सिर्फ प्रेरणा तक सीमित है, न कि उसकी नकल। “हम रोमियो-जूलियट की कहानी को दोहरा नहीं रहे हैं। हम उस तरह के प्यार की भावना-जो गहरी, उलझी हुई और लंबे समय तक रहने वाली होती है-उसे आज के समय और दुनिया में दिखा रहे हैं। यह कच्चा है, परफेक्ट नहीं है, और यही इसे सच्चा बनाता है।”
डकैत को मिल रहे प्यार के बीच, अड़ीवी शेष का यह नज़रिया-जहां प्यार और टकराव साथ चलते हैं-फिल्म का सबसे चर्चित हिस्सा बनता जा रहा है, यह दिखाते हुए कि बदले की कहानी में भी सबसे बड़ी ताकत प्यार ही हो सकता है।