एंटरटेनमेंट डेस्क: ‘टू मच विद काजोल एंड ट्विंकल’ के सेट पर सबसे अप्रत्याशित पल वो नहीं था जब हंसी गूंज रही थी, बल्कि वो था जब सैफ़ अली ख़ान की कहानी ख़त्म होने के बाद कुछ पल के लिए सन्नाटा छा गया।
सैफ़ ने बताया कि कैसे एक रात उन्होंने चाकू से लैस हमलावर से अपने परिवार की रक्षा की थी। उनकी यह कहानी सुनते ही काजोल की आंखों में आंसू आ गए।
आम तौर पर चुटीले जवाबों और मुस्कान से माहौल हल्का करने वाली काजोल कुछ पल के लिए बिल्कुल शांत रहीं। फिर वे अपनी कुर्सी से उठीं और मंच पार कर सैफ़ को जाकर कसकर गले लगा लिया। यह आलिंगन न सिर्फ उस दर्दनाक घटना के प्रति सहानुभूति था, बल्कि उनके साझा इतिहास की झलक भी।
सैफ़ अली ख़ान मूल रूप से बेख़ुदी (1992) में काजोल के अपोज़िट कास्ट किए गए थे। वही फ़िल्म जिसने काजोल को बॉलीवुड में लॉन्च किया। हालांकि सैफ़ बाद में फ़िल्म से बाहर हो गए, लेकिन शूटिंग के शुरुआती दिनों में वे काजोल के पहले को-स्टार थे।
स्टूडियो में जैसे ही काजोल ने उन्हें गले लगाया, वह पुराना रिश्ता मानो फिर से ज़िंदा हो उठा। दर्शक, ट्विंकल और अक्षय सभी कुछ देर के लिए शांत हो गए, फिर शो ने अपनी रफ़्तार पकड़ी।

