Last Updated: September 22, 2026

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Health: शशांकासन: शरीर को डिटॉक्स करे, तनाव से दिलाए राहत – जानिए सही तरीका

January 8, 2026

Health: शशांकासन: शरीर को डिटॉक्स करे, तनाव से दिलाए राहत – जानिए सही तरीका

Health Update: बॉडी को डिटॉक्स कर तनाव दूर करता है शशांकासन, ऐसे करें अभ्यास

ऑफिस में लंबे समय तक बैठने से पीठ दर्द और तेजी से बढ़ता मानसिक तनाव आम समस्या बन गई हैं। ज्यादातर लोग इससे प्रभावित हैं, हालांकि इन्हें दूर करना असंभव नहीं।

योगासन शरीर को स्वस्थ और संतुलित रखने का सरल और प्रभावी तरीका है। ऐसे ही एक लाभकारी आसन का नाम शशांकासन है। शशांकासन को खरगोश मुद्रा भी कहते हैं।

इसके नियमित अभ्यास से पीठ दर्द के साथ ही तनाव में भी राहत मिलती है, यह पाचन तंत्र मजबूत बनाता है और मन को शांत करता है। तन-मन दोनों को तरोताजा करने वाला यह आसन रोजाना कुछ मिनटों में कई लाभ प्रदान करता है।

भारत सरकार का आयुष मंत्रालय शशांकासन को दिनचर्या में शामिल करने की सलाह देता है। एक्सपर्ट के अनुसार, शशांकासन तनाव कम करने, शरीर को डिटॉक्स करने और थकी हुई पीठ को आराम देने के लिए विशेष रूप से उपयोगी है।

यह शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों के लिए फायदेमंद है। शशांकासन का अभ्यास बहुत आसान है। इसके लिए सबसे पहले वज्रासन में बैठें और घुटनों को मोड़कर एड़ियों पर नितंब रखें। दोनों हाथों को घुटनों पर रखें और गहरी सांस लें।

अब सांस छोड़ते हुए आगे की ओर झुकें, सिर को जमीन पर टिकाएं और हाथों को आगे की ओर फैलाएं। इस स्थिति में कुछ देर रुकें और सामान्य तरीके से सांस लें। फिर धीरे-धीरे वापस वज्रासन में आएं। शशांकासन का रोजाना 5 से 10 मिनट अभ्यास करना बेहद फायदेमंद है।

शशांकासन के नियमित अभ्यास से कई लाभ मिलते हैं। सबसे पहले, यह तनाव और चिंता को कम करता है। आगे झुकने से मन शांत होता है और मानसिक थकान दूर होती है। यह पाचन तंत्र को मजबूत बनाता है, कब्ज से राहत दिलाता है और आंतों की सफाई करता है, जिससे शरीर डिटॉक्स होता है।

थकी हुई पीठ और कमर को यह आसन आराम देता है, रीढ़ की हड्डी को लचीला बनाता है और पीठ दर्द में राहत प्रदान करता है। इसके अलावा, गर्दन, कंधों और पीठ की मांसपेशियों में खिंचाव आता है, जिससे तनाव मुक्त होता है।

यह डायबिटीज कंट्रोल में मदद करता है, हार्मोन संतुलन बनाता है और नींद की गुणवत्ता सुधारता है। महिलाओं के लिए यह पीरियड्स की समस्याओं में भी फायदेमंद है। कुल मिलाकर, शशांकासन शरीर और मन दोनों को तरोताजा रखने का एक प्राकृतिक तरीका है।

हालांकि, शशांकासन के अभ्यास में कुछ सावधानियां बरतना जरूरी है। हाई ब्लड प्रेशर वाले व्यक्ति इसे न करें, क्योंकि आगे झुकने से सिर में दबाव बढ़ सकता है। घुटनों में चोट, स्लिप डिस्क या गंभीर पीठ दर्द वाले लोग डॉक्टर की सलाह के बिना अभ्यास न करें।

गर्भवती महिलाओं को इस आसन से बचना चाहिए। इसके अलावा, गर्दन या कंधे में चोट, चक्कर आने की समस्या या हाल ही में पेट का ऑपरेशन हुआ हो तो इसे टालें। अभ्यास हमेशा खाली पेट करें और अगर कोई असुविधा महसूस हो तो तुरंत रुक जाएं। शुरुआत में योग प्रशिक्षक की देखरेख में सीखें।

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