एंटरटेनमेंट डेस्क: तमिल फिल्मों के जाने-माने एक्टर और डायरेक्टर के. भाग्यराज अब हमारे बीच नहीं रहे हैं। उनका 73 साल की उम्र में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया है। के. भाग्यराज के निधन से तमिल इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई है।
जूनियर आर्टिस्ट से की करियर की शुरूआत
के. भाग्यराज ने अपने पूरे करियर में लगभग 75 से ज्यादा फिल्में की और 20 से ज्यादा फिल्मों को डायरेक्ट किया। उन्होंने जूनियर आर्टिस्ट के तौर पर अपने करियर की शुरुआत की थी। उन्होंने फिल्म ’16 वयथिनिले’ (1977) में एक छोटा रोल प्ले किया था। फिर उन्होंने फिल्म ‘सिगप्पू रोजक्कल’ (1978) में एक्टिंग की और इसके डायलॉग भी लिखे। फिर वह असिस्टेंट डायरेक्टर के तौर पर काम करने लगे। उन्होंने कई फिल्मों की स्क्रिप्ट लिखी। इसके बाद के. भाग्यराज ने फिल्म ‘सुवरिल्लाधा चित्थिरांगल’ (1979) को डायरेक्ट किया। इसके अलावा उन्होंने ओरु काई ओसाई, डार्लिंग, डार्लिंग, डार्लिंग और अवसारा पुलिस 100 जैसी फिल्में डायरेक्ट की। फिल्म ‘सिद्दू 2’ उन्होंने बनाई और उनके बेटे ने लीड रोल प्ले किया। साल 2010 के बाद के. भाग्यराज ने निर्देशन से ब्रेक ले लिया लेकिन वह फिल्मों में सहायक भूमिकाएं करते रहे।
बता दें वह अपने पीछे पत्नी पूर्णिमा जयराम और दो बेटों सरन्या भाग्यराज और शांतनु भाग्यराज को छोड़ गए हैं। शांतुन भी अपने पिता की तरह फिल्मों में एक्टिंग करते हैं।

