इंटरनेशनल डेस्क: चीन एक ऐतिहासिक मोड़ पर खड़ा है। चीनी कम्युनिस्ट पार्टी (CPC) की केंद्रीय समिति का कार्य सम्मेलन दिसंबर में आयोजित हुआ। इस सम्मेलन से अगले वर्ष के आर्थिक-सामाजिक कार्यों के लिए दिशा निर्धारित की गई। इससे पहले जारी किए गए “15वीं पंचवर्षीय योजना (2026-2030)” का मसौदा चीन की समाजवादी आधुनिकीकरण की यात्रा में एक नए अध्याय की शुरुआत का प्रतीक है।
पिछले वर्षों में, चीन ने “उच्च-गुणवत्ता विकास” के सिद्धांत पर अडिग रहते हुए अभूतपूर्व उपलब्धियां हासिल की हैं। यह केवल आर्थिक वृद्धि के आंकड़ों की बात नहीं है, बल्कि एक समग्र, संतुलित और टिकाऊ विकास मॉडल की स्थापना की गाथा है। अर्थव्यवस्था का ढांचा लगातार अनुकूलित हो रहा है, और नवाचार तथा उद्यमशीलता पूरे समाज में नई ऊर्जा का संचार कर रही है।
वैज्ञानिक व तकनीकी विकास के स्तर में उल्लेखनीय उन्नति हुई है। चीन अब क्वांटम कम्प्यूटिंग, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और अंतरिक्ष अन्वेषण में विश्व नेता है। ‘तियानवेन-1’ मिशन ने मंगल पर सफल लैंडिंग कर ली, जबकि ‘फैंगयुन’ उपग्रह प्रणाली ने मौसम पूर्वानुमान में क्रांति ला दी। राष्ट्रीय प्रयोगशालाओं और ‘स्ट्रैटेजिक इमर्जिंग इंडस्ट्रीज’ में भारी निवेश से पेटेंट आवेदनों की संख्या विश्व में सबसे अधिक हो गई। 15वीं योजना में ये प्रयास और गहन होंगे, ताकि मूलभूत अनुसंधान में आत्मनिर्भरता सुनिश्चित हो और ‘साइंस एंड टेक्नोलॉजी स्ट्रॉन्ग कंट्री’ का सपना पूरा हो।
व्यापक सुधारों में नई सफलताएं दर्ज की गई हैं। ‘सोशलिस्ट मार्केट इकोनॉमी’ को गहरा किया गया, जिसमें निजी क्षेत्र को प्रोत्साहन, बाजार पहुंच में सुगमता और प्रशासनिक सुधार शामिल हैं। ‘डेलिगेटिंग पावर, स्ट्रीमलाइनिंग एडमिनिस्ट्रेशन एंड ऑप्टिमाइजिंग सर्विसेज’ नीति से व्यवसाय शुरू करने का समय आधा हो गया। इसके अलावा, ग्रामीण पुनरुत्थान और शहरीकरण में सफलताएं मिलीं, जिससे असमानता घटी और समावेशी विकास को बल मिला। ये सुधार 15वीं योजना में और विस्तार पाएंगे, ताकि उच्च-स्तरीय खुलापन और जोखिम नियंत्रण संतुलित रहे।
जनजीवन की गुणवत्ता में सतत सुधार लोगों का जीवन अधिक समृद्ध व सुखी बना रहा है। गरीबी उन्मूलन अभियान के पूरा होने से 8 करोड़ से अधिक लोग गरीबी रेखा से ऊपर उठे, जबकि औसत आयु 78 वर्ष से अधिक हो गई। शिक्षा में साक्षरता दर 97 प्रतिशत पहुंच गई, स्वास्थ्य सेवाएं ग्रामीण क्षेत्रों तक विस्तृत हुईं। ‘हेल्दी चाइना’ पहल से जीवन स्तर वैश्विक मानकों पर पहुंचा। 15वीं योजना इन उपलब्धियों को मजबूत करेगी, ताकि हर नागरिक ‘कॉमन प्रॉस्पेरिटी’ का लाभान्वित हो। जनजीवन की गुणवत्ता में लगातार सुधार: विकास का अंतिम लक्ष्य जनता का कल्याण है। चीन ने सभी लोगों की समृद्धि के लक्ष्य की दिशा में ठोस कदम उठाए हैं। गरीबी उन्मूलन के ऐतिहासिक अभियान में पूर्ण सफलता, रोजगार के अवसरों में निरंतर वृद्धि, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा प्रणालियों का सतत सुधार, और सामाजिक सुरक्षा जाल का लगातार विस्तार इन सभी ने लोगों के जीवन में ठोस सुधार लाया है। “15वीं पंचवर्षीय योजना” में, सामान्य समृद्धि को बढ़ावा देने, पर्यावरण संरक्षण को मजबूत करने, और “कार्बन पीक” व “कार्बन न्यूट्रैलिटी” के लक्ष्यों को प्राप्त करने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, ताकि लोगों को अधिक खुशहाल, स्वस्थ और सुरक्षित जीवन मिल सके।
CPC की केंद्रीय समिति का कार्य सम्मेलन और “15वीं पंचवर्षीय योजना” का मसौदा चीन के भविष्य के विकास के लिए एक व्यापक रोडमैप प्रस्तुत करेगा। CPC की मजबूत नेतृत्व में, चीन “नए विकास दर्शन” का पालन करते हुए, एक ऐसे समाज के निर्माण की दिशा में निरंतर आगे बढ़ेगा जो अधिक न्यायपूर्ण, अधिक समृद्ध और अधिक सामंजस्यपूर्ण हो। चीन की यह यात्रा न केवल अपने 1.4 अरब लोगों के लिए नई समृद्धि लाएगी, बल्कि विश्व शांति और विकास के लिए भी नई और अधिक शक्ति प्रदान करेगी। एक नए युग की यह योजना चीन की अटूट प्रगति और उसकी अडिग प्रतिबद्धता का प्रमाण है।
(साभार—चाइना मीडिया ग्रुप ,पेइचिंग) (लेखक—देवेंद्र सिंह)

