Last Updated: September 27, 2026

Dainik Savera Times Logo

पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों पर अत्याचार : विदेश मंत्री ने बताई संख्या, कहा – ‘हमारी कड़ी नजर’

March 28, 2025

पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों पर अत्याचार : विदेश मंत्री ने बताई संख्या, कहा – ‘हमारी कड़ी नजर’

नई दिल्ली: विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शुक्रवार को कहा कि भारत पाकिस्तान में हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यकों के खिलाफ हो रहे अत्याचारों पर करीब से नजर रख रहा है और इन मुद्दों को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर उठा रहा है। उनकी यह टिप्पणी संसद के चल रहे बजट सत्र के दौरान लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान आई। जयशंकर ने कहा कि पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के साथ हो रहे व्यवहार के बारे में चिंताएं संयुक्त राष्ट्र में उठाई गई हैं ताकि इस मुद्दे पर वैश्विक ध्यान आकर्षित किया जा सके।

विदेश मंत्री ने कहा, ‘हम पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के साथ हो रहे व्यवहार पर बहुत बारीकी से नजर रख रहे हैं।’ उदाहरण के लिए, मैं सदन को बताना चाहूंगा कि अकेले फरवरी माह में ही हिंदू समुदाय पर अत्याचार के 10 मामले सामने आए हैं। इनमें से सात मामले अपहरण और जबरन धर्मांतरण से संबंधित थे। इनमें से दो मामले अपहरण से संबंधित थे। इनमें से एक मामला होली मना रहे छात्रों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई से संबंधित था।

विदेश मंत्री ने अन्य अल्पसंख्यक समुदायों के खिलाफ हिंसा के मामलों का भी विस्तृत ब्यौरा दिया। उन्होंने कहा, ‘पाकिस्तान में सिख समुदाय से जुड़ी तीन घटनाएं हुईं। एक मामले में, एक सिख परिवार पर हमला किया गया। एक अन्य मामले में, एक सिख परिवार को पुराने गुरुद्वारे को पुनः खोलने पर धमकी दी गई। समुदाय की एक लड़की के अपहरण और धर्म परिवर्तन का मामला भी प्रकाश में आया।

पाकिस्तान में अहमदिया और ईसाई समुदायों के खिलाफ हो रहे अन्याय का जिक्र करते हुए विदेश मंत्री जयशंकर ने कहा, ‘अहमदिया समुदाय से जुड़े दो मामले थे।’ एक मामले में एक मस्जिद को सील कर दिया गया तथा दूसरे मामले में 40 कब्रों को अपवित्र कर दिया गया। एक ऐसा मामला भी था जिसमें एक ईसाई व्यक्ति, जो कथित रूप से मानसिक रूप से अस्थिर था, पर ईशनिंदा का आरोप लगाया गया था।

वैश्विक मंचों पर भारत की प्रतिक्रिया पर जोर देते हुए विदेश मंत्री ने हाल की दो घटनाओं का उल्लेख किया, जहां भारतीय प्रतिनिधियों ने पाकिस्तान के मानवाधिकार रिकॉर्ड की कड़ी आलोचना की। जयशंकर ने कहा, ‘फरवरी के महीने में, संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद में हमारे प्रतिनिधि ने कहा था कि पाकिस्तान एक ऐसा देश है जहां मानवाधिकारों का उल्लंघन, अल्पसंख्यकों का उत्पीड़न और लोकतांत्रिक मूल्यों का व्यवस्थित क्षरण राज्य की नीतियों का हिस्सा है।’

विदेश मंत्री ने कहा, ‘पाकिस्तान बेशर्मी से संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित आतंकवादियों को पनाह देता है और वह किसी को उपदेश देने की स्थिति में नहीं है।’ इसके बजाय, उसे अपने लोगों को वास्तविक शासन और न्याय प्रदान करने पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए।

ये भी पढ़ें- IPL 2026: मुंबई इंडियंस ने जीता टॉस, RCB की पहले बैटिंग, देखें प्लेइंग इलेवन

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें