इंटरनेशनल डेस्क: ईरान और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ता नजर आ रहा है। दोनों देशों के बीच शांति वार्ता का दूसरा दौर जल्द ही पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में होने की संभावना है, लेकिन उससे पहले ही ईरान ने कड़ा रुख दिखाया है।
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उल्लंघन हुआ तो वह इसका माकूल जवाब देंगे- ईरान
ईरान ने साफ कहा है कि अगर सीजफायर (संघर्षविराम) का उल्लंघन हुआ तो वह इसका माकूल जवाब देगा। ईरानी सेना ने यह भी कहा कि वह किसी भी तरह के हमले का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार है और किसी भी धमकी से डरने वाली नहीं है।
सेना की ताकत और रणनीति पर गर्व
ईरान के खत्म-अल-अनबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर के कमांडर मेजर जनरल अली अब्दोल्लाही ने इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की वर्षगांठ पर बयान देते हुए कहा कि देश की सेना मजबूत और पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि ईरान की जनता को अपनी सेना की ताकत और रणनीति पर गर्व है। उन्होंने यह भी दावा किया कि ईरान की मिसाइल और ड्रोन क्षमताओं ने अमेरिका और इजरायल पर दबाव बनाया है, जिसकी वजह से उन्हें संघर्षविराम की बात करनी पड़ी।
अमेरिका झूठे और भ्रामक दावे कर रहा
अब्दोल्लाही ने कहा कि ईरान की जनता, सरकार और सेना एकजुट हैं और सर्वोच्च नेतृत्व के निर्देशों का पालन कर रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि दुश्मन की किसी भी कार्रवाई का तुरंत और प्रभावी जवाब दिया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने अमेरिका पर आरोप लगाया कि वह झूठे और भ्रामक दावे कर रहा है और हालात को गलत तरीके से पेश कर रहा है, खासकर होर्मुज जलडमरूमध्य के नियंत्रण को लेकर। ईरान ने साफ कर दिया है कि अगर किसी भी समझौते को तोड़ा गया, तो वह सख्त और प्रभावी प्रतिक्रिया देगा।

