Last Updated: November 3, 2026

Dainik Savera Times Logo

चीनी नव वर्ष में आटे की मूर्तियां बनी उपहार की वस्तु

January 24, 2023

चीनी नव वर्ष में आटे की मूर्तियां बनी उपहार की वस्तु

हाल ही में चीन के शानक्सी प्रांत के प्रांतीय अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में आटे की मूर्तियां चीनी वसंत महोत्सव के बाजार में बहुत लोकप्रिय हैं। लोग वसंत महोत्सव के दौरान उत्कृष्ट रूप से तैयार की गई आटे की मूर्तियों को अपने रिश्तेदारों और दोस्तों को भेंट करते हैं। लोक शिल्पकार श्ये युनश्येन और चाओ रुई, माँ और बेटे दोनों शानक्सी प्रांत के प्रांतीय अमूर्त सांस्कृतिक विरासत आटा मूर्तिकला के उत्तराधिकारियों के प्रतिनिधि हैं। पिछले कुछ दिनों में, उनके द्वारा बनाई गई वसंत महोत्सव से जुड़ी आटे की मूर्तियां बहुत लोकप्रिय रही हैं और आपूर्ति से अधिक मांग बढ़ गई है।

चाओ रुई ने कहा कि इंटरनेट और सुविधाजनक रसद के माध्यम से उनके आटे की मूर्तियों को देश के सभी हिस्सों में बेचा जाता है। वहां आटे की मूर्तियाँ बनाने की मुख्य सामग्री गेहूं का आटा है और हाल ही में उन के स्टोर में एक दिन में 1,000 किलोग्राम गेहूं के आटे का उपयोग किया जा सकता है।

चीनी आटा मूर्तिकला का हजारों वर्षों का इतिहास है और वह चीनी संस्कृति और लोक कला का एक हिस्सा बन गया है। वह चीनी इतिहास, पुरातत्व, लोक रिवाज, मूर्तिकला और सौंदर्यशास्त्र के अध्ययन के लिए मूल्यवान सामग्री भी है। उत्तरी चीन में गेहूं समृद्ध है, और आटे की मूर्तियाँ बनाने की मुख्य सामग्री गेहूं का आटा है। जबकि यांग्त्ज़ी नदी क्षेत्र यानी दक्षिण चीन में चावल समृद्ध है और वहां आटे की मूर्तियों की कच्ची सामग्री चावल का आटा है। अलग-अलग क्षेत्रों में आटे की मूर्तियों की अलग-अलग शैली है। उत्तरी चीन में आटे की मूर्तियां सरल व खुरदरी हैं, जबकि दक्षिण चीन में आटे की मूर्तियां सुंदर और उत्तम हैं।

(साभार—चाइना मीडिया ग्रुप ,पेइचिंग)

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें