वाशिंगटन के स्थानीय समय के अनुसार, 20 अगस्त को, अमेरिका में चीनी दूतावास और चाइना मीडिया ग्रुप के संयुक्त तत्वावधान में “शांति की प्रतिध्वनि” सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम वाशिंगटन में आयोजित किया गया। साथ ही, चीनी जनता के जापानी आक्रमण विरोधी युद्ध और विश्व फासीवाद-विरोधी युद्ध की विजय की 80वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में वीडियो और चित्र प्रदर्शनी भी आयोजित की कई।
इसके उद्घाटन समारोह में अमेरिकी में चीनी राजदूत श्ये फंग सहित 200 से अधिक चीनी और अमेरिकी अतिथियों ने भाग लिया, चाइना मीडिया ग्रुप के महानिदेशक शन हाईश्योंग ने वीडियो भाषण दिया।
राजदूत श्ये फंग ने कहा कि दूसरे विश्व युद्ध में चीन ने 50 से ज़्यादा देशों की शांतिप्रिय जनता के साथ मिलकर एक व्यापक अंतरराष्ट्रीय फ़ासीवाद-विरोधी संयुक्त मोर्चा बनाया है। खून-खराबे में पकी चीनी और अमेरिकी जनता की दोस्ती अब भी कायम है और चीन-अमेरिका संबंधों के विकास का एक अटूट स्रोत बनी हुई है, जो हमें लगातार याद दिलाती है कि चीन और अमेरिका को साझेदार और मित्र बनना चाहिए, आपसी सफलता हासिल करनी चाहिए और दुनिया को लाभ पहुँचाना चाहिए।
श्ये फंग ने यह भी कहा कि इतिहास ने बार-बार सिद्ध किया है कि पूर्वाग्रह और भेदभाव, घृणा और युद्ध केवल विपत्ति और पीड़ा ही लाते हैं। पारस्परिक सम्मान, शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व और उभय जीत सहयोग ही सही रास्ता है। ऐतिहासिक त्रासदियों को कभी न दोहराने देना ही उन वीरों और शहीदों के प्रति सर्वोत्तम श्रद्धांजलि है जिन्होंने मानव स्वतंत्रता, न्याय और शांति की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। द्वितीय विश्व युद्ध की विजय और विश्व शांति की रक्षा करना, विश्व फासीवाद-विरोधी युद्ध की विजय की 80वीं वर्षगांठ मनाने का सर्वोत्तम तरीका है।
वहीं, सीएमजी महानिदेशक शन हाईश्योंग ने इस मौके पर अपने वीडियो भाषण में कहा कि 80 साल पहले, चीनी कम्युनिस्ट पार्टी द्वारा समर्थित और स्थापित जापानी-विरोधी राष्ट्रीय संयुक्त मोर्चे के झंडे तले, चीनी जनता ने अडिग होकर संघर्ष किया और खूनी लड़ाइयाँ लड़ीं। उन्होंने दुनिया की न्यायप्रिय ताकतों के साथ एक-दूसरे का साथ दिया, फ़ासीवाद को कंधे से कंधा मिलाकर हराया, और एक वीर महाकाव्य लिखा। आज के परिवर्तन और उथल-पुथल से भरे विश्व में, हमें इस शानदार इतिहास से ज्ञान और शक्ति प्राप्त करने तथा आम चुनौतियों का सामना करने के लिए मिलकर काम करने की आवश्यकता है।
शन हाईश्योंग के अनुसार, इस आयोजन के लिए, सीएमजी ने “फ्लाइंग टाइगर्स” और “द सिंकिंग ऑफ़ द लिस्बन मारू” जैसी उत्कृष्ट चीनी फ़िल्म और टेलीविज़न कृतियाँ प्रस्तुत कीं। उन्हें विश्वास है कि हर कोई इनसे शांति के महत्व को समझ सकता है और शांति की रक्षा करने की ज़िम्मेदारी ले सकता है। चाइना मीडिया ग्रुप अंतर्राष्ट्रीय साझेदारों के साथ मिलकर सहयोग को गहरा करना चाहता है, और साथ ही, आधिपत्यवाद के विरोध करने, न्याय को कायम रखने तथा न्याय का अनुसरण करने की चीन की आवाज़ उठाना चाहता है, ताकि एकता के माध्यम से चुनौतियों का सामना किया जा सके और सहयोग के माध्यम से विकास की तलाश की जा सके।
कार्यक्रम में अमेरिकी अतिथियों का कहना है कि आज दुनिया एक नए ऐतिहासिक दौर में है। हालाँकि अमेरिका और चीन के बीच प्रतिस्पर्धात्मक संबंध हैं, फिर भी वे कलात्मक और सांस्कृतिक आदान-प्रदान के माध्यम से आपसी शिक्षा और साझा प्रगति को बढ़ावा दे सकते हैं। हम आशा करते हैं कि अमेरिका और चीन शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व प्राप्त कर सकेंगे और एक समृद्ध भविष्य के निर्माण के लिए मिलकर काम कर सकेंगे।
इसके अलावा, कार्यक्रम में सीएमजी द्वारा बनाई डॉक्यूमेंट्री फिल्म “फ्लाइंग टाइगर्स” का प्रदर्शन किया गया, और 20 चीनी व अमेरिकी कलाकारों की चित्र रचनाओं को प्रदर्शित किया गया। कई अमेरिकी कॉलेज छात्रों और युवा कलाकारों ने गीत गाया और धुन बजाया, जो युवा पीढ़ी की चीन-अमेरिका मैत्री के प्रति सँजोने और विरासत में विकास करने की अभिव्यक्ति है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
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