कोलंबो: श्रीलंका के पूर्व राष्ट्रपति महिन्द राजपक्षे के बड़े बेटे पर भारतीय निवेश से कथित हेराफेरी के लिए यहां उच्च न्यायालय में मुकदमा दर्ज किया गया है। यह मामला वर्ष 2015 से पहले का है। नमल राजपक्षे (38) को जून 2016 में रग्बी खेल को विकसित करने के लिए कृष होटल परियोजना के पैसे से सात करोड़ श्रीलंकाई रुपयों के कथित दुरुपयोग के लिए गिरफ्तार किया गया था। नमल राजपक्षे श्रीलंका के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रह चुके हैं।
कोलंबो वाणिज्यिक जिले के मध्य में स्थित कृष होटल परियोजना को निरस्त कर दिया गया तथा अधूरा निर्माण कार्य अब भी जारी है। हाल ही में एक अन्य अदालत में राहगीरों के लिए खतरे के कारण इसकी असुरक्षित स्थिति पर सवाल उठाया गया था। अनुरा कुमारा दिसानायके के नेतृत्व वाली नेशनल पीपुल्स पावर (एनपीपी) सरकार द्वारा 2016 से रुके हुए कृष मामले की दोबारा जांच करने के बाद हाल ही में पुलिस ने नमल राजपक्षे से पूछताछ की थी।
एक सप्ताह बाद, नमल के छोटे भाई योशिता को भी इसी तरह के संदिग्ध संपत्ति मामले में फिर से गिरफ्तार किया गया। उन्हें सोमवार को जमानत पर रिहा कर दिया गया। नमल राजपक्षे को अपने खिलाफ लगाए गए अभियोग के बारे में पता चलने पर उन्होंने कहा, ‘‘यह स्पष्ट है कि वर्तमान सरकार ने राजपक्षे परिवार के खिलाफ राजनीतिक अभियान शुरू किया है।
महिन्द राजपक्षे को हाल के हफ्तों में सरकार की नाराजगी का सामना करना पड़ा है क्योंकि उन्होंने अपना आधिकारिक आवास खाली नहीं किया है। सरकार ने महिन्द राजपक्षे पर करदाताओं के खर्च पर लाभ उठाने का आरोप लगाया है। उन्होंने अपनी व्यक्तिगत सुरक्षा में भारी कटौती करने संबंधी सरकार की कार्रवाई को रद्द करने के लिए पहले ही उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर कर दी है।
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