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Indonesia: बाढ़ और भूस्खलन के बाद खोज अभियान फिर शुरू, 17 लोगों की हुई मौत 

जकार्ता: इंडोनेशिया के जावा द्वीप पर आई बाढ़ और भूस्खलन के बाद लापता लोगों की तलाश के लिए इंडोनेशियाई बचावर्किमयों ने बुधवार को फिर से अभियान शुरू कर दिया। बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं में कम से कम 17 लोगों की मौत हो गई थी।
मध्य जावा प्रांत के पेकलोंगान क्षेत्र में सोमवार को हुई मूसलाधार बारिश के बाद नदियों में आई बाढ़ का पानी नौ गांवों में घुस गया और भूस्खलन के कारण पर्वतीय क्षेत्र के पास बसे गांव इसकी चपेट में आ गए। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन एजेंसी के प्रवक्ता अब्दुल मुहरी ने बताया कि बाढ़ के कारण हुए भूस्खलन से पेटुंगक्रीयोनो रिजॉर्ट क्षेत्र में दो मकान और एक कैफे जमींदोज हो गए।
उन्होंने बताया कि आपदाओं से कुल 25 मकान, एक बांध और पेकलोंगन में गांवों को जोड़ने वाले तीन मुख्य पुल नष्ट हो गए। मुहरी ने बताया कि बुधवार तक कम से कम 17 लोग मारे गए और 13 लोग घायल हुए हैं जबकि नौ लोग लापता हैं। वहीं करीब 300 लोगों को मजबूरन सरकारी अस्थायी आश्रय स्थलों पर शरण लेनी पड़ी।
 खराब मौसम, भूस्खलन और भारी बारिश के बीच मंगलवार दोपहर को बचाव अभियान रोक दिया गया था। स्थानीय बचाव कार्यालय के प्रमुख बुदिओनो ने बताया कि बुधवार को उन्होंने नदियों से और गांव के मलबे (बाढ़ एवं भूस्खलन के बाद जमा मलबे) में शवों की तलाश की तथा सबसे अधिक प्रभावित कासिमपार गांव में जीवित बचे लोगों को भी खोजा गया।
मुहरी ने बताया कि बाली के डेनपसार में भी सोमवार को भूस्खलन की चपेट में आने से पांच मकान क्षतिग्रस्त हो गए। इस घटना में चार लोगों की मौत हो गई और एक लापता है। अक्टूबर से मार्च तक होने वाली मौसमी बारिश अक्सर इंडोनेशिया में बाढ़ और भूस्खलन का कारण बनती है।  इंडोनेशिया 17,000 द्वीपों का एक द्वीपसमूह है जहां लाखों लोग पवर्तीय क्षेत्रों या बाढ़ संभावित मैदानी इलाकों के पास रहते हैं।
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