द दीर अल बलाह: इजराइल ने हमास के साथ युद्ध शुरू होने के बाद से बंधकों को बचाने के लिए सबसे बड़ा अभियान चलाया और मध्य गाजा में भीषण लड़ाई के बीच अपहर्ताओं के चंगुल से चार इजराइली लोगों को सकुशल मुक्त करा लिया। इस अभियान के दौरान मध्य गाजा में हुई भीषण लड़ाई में बच्चों सहित 274 फलस्तीनी मारे गए। मुक्त कराए गए लोगों का फिलिस्तीनी चरमपंथी संगठन हमास ने सात अक्टूबर को किए गए हमले के दौरान अपहरण कर लिया था।
इजराइली सेना ने कहा कि उसने नुसीरात में चलाए गए अभियान के दौरान नोआ अर्गामानी (25), अल्मोग मीर (21), एंड्री कोजलोव (27) और श्लोमी जिव (40) को मुक्त करा लिया। इसने कहा कि बंधकों को नुसीरात के मध्य में स्थित दो अलग-अलग स्थानों से बचाया गया और वे सभी ठीक हैं। इजराइली सेना के मुताबिक दिन में चलाए गए जटिल अभियान के दौरान उसे भारी गोलीबारी का सामना करना पड़ा।
इजराइली सेना ने कहा कि बंधकों हेलीकॉप्टर से चिकित्सीय जांच के लिए ले जाया गया और वे 246 दिन तक अपहर्ताओं के चंगुल में रहने के बाद अपने प्रियजन से मिल पाए। अर्गामानी का तीन अन्य लोगों की तरह ही एक संगीत समारोह से अपहरण कर लिया गया था।उनके अपहरण का एक वीडियो सार्वजनिक हुआ था। इस वीडियो में वह एक मोटरसाइकिल पर दो लोगों के बीच बैठी दिखी थीं और वह ‘मुझे मत मारो’ चिल्लाते हुए सुनाई दी थीं। उनकी मां लियोरा को चौथे चरण का ब्रेन कैंसर है और अप्रैल में उन्होंने एक वीडियो जारी कर मरने से पहले अपनी बेटी को देखने की इच्छा व्यक्त की थी।
खुशी से लबरेज अर्गामानी ने प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बात की। सरकार द्वारा जारी किए गए वीडियो संदेश में वह उनसे यह कहती सुनाई देती हैं कि वह बहुत खुश हैं और इतने लंबे समय से उन्हें हिब्रू भाषा सुनने को नहीं मिली। इस बीच, नेतन्याहू ने ने कहा कि इजराइल आतंकवाद के सामने झुकता नहीं है और सभी बंधकों को मुक्त कराए जाने तक लड़ाई जारी रहेगी। इजराइल के रक्षा मंत्री योव गैलेंट ने कहा, अभियान साहसिक था। शानदार ढंग से इसकी योजना बनाई गई और असाधारण तरीके से इसे अंजाम दिया गया।

