स्थानीय समयानुसार 25 मई की सुबह, चीनी प्रधानमंत्री ली छ्यांग ने जकार्ता में इंडोनेशियाई राष्ट्रपति भवन में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांटो के साथ वार्ता की। ली छ्यांग ने सबसे पहले राष्ट्रपति प्रबोवो को चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग की ओर से हार्दिक शुभकामनाएं प्रेषित कीं और कहा कि पिछले साल नवंबर में दोनों राष्ट्रपतियों ने क्षेत्रीय और वैश्विक प्रभाव वाले साझा भविष्य वाले चीन-इंडोनेशिया समुदाय के निर्माण पर महत्वपूर्ण सहमति प्राप्त की, जिससे दोनों देशों के बीच संबंध एक नई ऐतिहासिक ऊंचाई पर पहुंच गए और द्विपक्षीय सहयोग की व्यापक संभावनाएं खुल गईं। चीन इंडोनेशिया के साथ मिलकर एकजुटता और सहयोग को मजबूत करना चाहता है, “पांच स्तंभों” वाले सहयोग पैटर्न को मजबूत करना चाहता है और दोनों देशों के राजनीतिक आपसी विश्वास और रणनीतिक सहयोग को उच्च स्तर पर पहुंचाने को तैयार है।
ली छ्यांग ने आगे कहा कि चीन इंडोनेशिया के साथ विकास रणनीतियों के संरेखण को मजबूत करते हुए उच्च गुणवत्ता वाले “बेल्ट एंड रोड“ के संयुक्त निर्माण में सहयोग को गहरा करना चाहता है और संबंधित प्रतीकात्मक परियोजनाओं को बेहतर और मजबूत बनाने को तैयार है। इसके साथ ही, उन्होंने दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश सुविधा के स्तर में सुधार, वित्त, नई ऊर्जा, डिजिटल अर्थव्यवस्था, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, एयरोस्पेस, महासागर आदि क्षेत्रों में सहयोग के विस्तार पर प्रकाश डाला और कहा चीन इंडोनेशिया के साथ मानविकी आदान-प्रदान का विस्तार करना, कर्मियों की आवाजाही को सुगम बनाना, गरीबी उन्मूलन एवं स्वास्थ्य जैसे जन-जीवन से जुड़े क्षेत्रों में सहयोग को गहराना चाहता है, ताकि दोनों देशों के लोगों को ज्यादा-से-ज्यादा लाभ पहुंचाया जा सके।
वर्तमान में बढ़ते वैश्विक एकतरफावाद और संरक्षणवाद से अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक एवं व्यापार व्यवस्था पर गंभीर प्रभाव पड़ने की चर्चा करते हुए ली छ्यांग ने कहा कि चीन इंडोनेशिया सहित व्यापक विकासशील देशों के साथ मिलकर शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व के पाँच सिद्धांतों (पंचशील) और बांडुंग भावना को संयुक्त रूप से बढ़ावा देना चाहता है, राष्ट्रपति शी चिनफिंग द्वारा प्रस्तावित तीन प्रमुख वैश्विक पहलों का सक्रिय रूप से कार्यान्वयन करते हुए बहुपक्षवाद और मुक्त व्यापार का पालन करना चाहता है, ताकि समान और व्यवस्थित बहुध्रुवीय विश्व और समावेशी आर्थिक वैश्वीकरण को बढ़ावा दिया जा सके, अपने साझा हितों की दृढ़ता से रक्षा की जा सके, और संयुक्त रूप से क्षेत्रीय व विश्व शांति, स्थिरता और विकास को बढ़ावा दिया जा सके।
बातचीत में राष्ट्रपति प्रबोवो ने ली छ्यांग से राष्ट्रपति शी चिनफिंग को अपना हार्दिक अभिवादन व्यक्त करने का अनुरोध किया और कहा कि इस वर्ष दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंधों की स्थापना की 75वीं वर्षगांठ है। इंडोनेशिया चीन के साथ व्यापक रणनीतिक साझेदारी को गहरा करना चाहता है, साझा भविष्य वाले चीन-इंडोनेशिया समुदाय के निर्माण को आगे बढ़ाना चाहता है, और कृषि व हरित अर्थव्यवस्था जैसे क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने को तैयार है।
इसके साथ ही, राष्ट्रपति प्रबोवो ने अपने देश में निवेश के लिए चीनी कंपनियों का स्वागत किया और कहा कि इंडोनेशिया चीन के साथ मिलकर समुद्र में संयुक्त विकास पर आम सहमति को लागू करना चाहता है, “दक्षिण चीन सागर में आचार संहिता” पर परामर्श में तेजी लाने को बढ़ावा देना चाहता है, और दक्षिण चीन सागर में शांति व स्थिरता बनाए रखने को तैयार है। उन्होंने चीन के साथ बहुपक्षीय मामलों में संपर्क और सहयोग को घनिष्ठ करने, बहुपक्षवाद का दृढ़ता के साथ समर्थन करने, संरक्षणवाद का विरोध करने, और विकासशील देशों के साझा हितों की रक्षा करने का विचार व्यक्त किया।
वार्ता के बाद, दोनों नेता आर्थिक विकास नीतियों, औद्योगिक श्रृंखला और आपूर्ति श्रृंखला, वित्त और अन्य क्षेत्रों में सहयोग दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करने के साक्षी बने। वार्ता से पहले, राष्ट्रपति प्रबोवो ने प्रधानमंत्री ली छ्यांग के स्वागत में राष्ट्रपति भवन के चौक पर भव्य समारोह आयोजित किया।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
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