Site icon Dainik Savera Times

जॉर्डन के विदेश मंत्री ने कहा, गाजा संघर्ष खत्म करने के लिए डेनमार्क संग मिलकर काम करना जरूरी

अम्मान: जॉर्डन के विदेश मंत्री अयमान सफादी ने डेनमार्क से गाजा संघर्ष को खत्म करने पर गंभीरता से विचार करने की जरूरत पर बल दिया। उन्होंने कहा कि जॉर्डन और डेनमार्क को गाजा में हो रहे आक्रमण को रोकने के लिए मिलकर काम करना चाहिए। मंत्रलय के एक बयान के अनुसार, उन्होंने डेनमार्क के विदेश मंत्री लार्स लोके रासमुसेन के साथ बैठक के बाद मंगलवार को अम्मान में एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह टिप्पणी की।

सफादी ने कहा कि मौजूदा प्रयासों से एक समझौते की ओर बढ़ना चाहिए जो संघर्ष के कारण होने वाली मानवीय आपदा से निपटने में मदद करे। उन्होंने कहा कि मंत्री ने दो-राज्य समाधान के आधार पर 1967 की सीमाओं पर संप्रभुता के साथ एक स्वतंत्र राज्य के लिए फिलिस्तीनियों के अधिकार को सुनिश्चित करने के महत्व पर भी जोर दिया, जिसमें पूर्वी यरुशलम को इसकी राजधानी के रूप में शामिल किया गया है।

सिन्हुआ समाचार एजेंसी ने बताया, ‘दोनों मंत्रियों की बातचीत में सीरिया का मुद्दा भी उठाया गया और दोनों पक्षों के बीच सीरिया में एक ट्रांजिशन प्रोसेस यानी परिवर्तन की प्रक्रिया का समर्थन करने की आवश्यकता पर आम सहमति देखी गई, जो एक स्वतंत्र, संप्रभु और स्वतंत्र सीरिया के पुनर्नर्मिाण की ओर ले जाती है। जहां सभी सीरियाई सुरक्षित रहें और अपने सभी अधिकारों का आनंद ले सकते हैं।‘

सफादी ने इस बात पर जोर दिया कि इस्लामिक स्टेट द्वारा उत्पन्न खतरा अभी भी जारी है और जॉर्डन इस खतरे से निपटने के लिए नए सीरियाई प्रशासन के साथ समन्वय और सहयोग कर रहा है। अपनी ओर से, डेनिश मंत्री ने डेनमार्क और जॉर्डन के बीच गहरे, मजबूत संबंधों की प्रशंसा की, और क्षेत्रीय मुद्दों पर जॉर्डन के साथ समन्वय की उम्मीद जताई।

रासमुसेन ने सीरिया की संक्रमणकालीन (ऐतिहासिक न्याय) प्रक्रिया के लिए समर्थन व्यक्त करते हुए कहा, ‘जॉर्डन इस क्षेत्र में एक स्थिर भागीदार और स्थिरता का गढ़ रहा है और बना रहेगा। रासमुसेन ने गाजा में युद्ध विराम के लिए डेनमार्क की अपील पर प्रकाश डाला और एक स्थायी, तत्काल समझौते की आशा व्यक्त की, जो पट्टी के लिए मानवीय सहायता तक पहुंच को बढ़ाएगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि टू स्टेट सॉल्यूशन ही एकमात्र समाधान है और क्षेत्र में स्थायी शांति का एकमात्र मार्ग है।

ये भी पढ़ें: पंजाब में UIDAI ने जारी किए आदेश: 30 सितंबर तक मुफ़्त रहेगा आधार अपडेट

Exit mobile version