चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने 19 सितंबर की रात को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ फोन पर बातचीत की। दोनों नेताओं ने वर्तमान चीन-अमेरिका संबंधों व समान दिलचस्पी वाले मुद्दों पर खुलकर गहन रूप से विचार-विमर्श किया और अगले चरण में चीन-अमेरिका संबंधों के सतत विकास को रणनीतिक निर्देश दिया। बातचीत व्यावहारिक, सकारात्मक और रचनात्मक रही।
इस मौके पर शी चिनफिंग ने कहा कि चीन और अमेरिका द्वितीय विश्व युद्ध में कंधे से कंधा मिलाकर लड़ने वाले मित्र थे। कुछ समय पहले चीन ने चीनी जनता के जापानी आक्रमण विरोधी युद्ध और विश्व फासीवाद विरोधी युद्ध की विजय की 80वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में भव्य समारोह का आयोजन किया। चीन ने अमेरिकी फ्लाइंग टाइगर्स के जीवित बचे परिवारों को सैन्य परेड देखने के लिए थ्येनआनमन गेट टॉवर पर चढ़ने के लिए आमंत्रित किया। चीनी लोग अमेरिका और अन्य फासीवाद विरोधी सहयोगियों द्वारा जापानी अतिक्रमण विरोधी युद्ध के दौरान चीन को दिए गए बहुमूल्य समर्थन को कभी नहीं भूलेंगे। हमें शहीदों और इतिहास को याद करने के आधार पर शांति को महत्व देना चाहिए और भविष्य का निर्माण करना चाहिए।
शी चिनफिंग ने कहा कि चीन-अमेरिका संबंध बहुत महत्वपूर्ण है। चीन और अमेरिका के लिए पारस्परिक सफलता और समान समृद्धि प्राप्त करना पूरी तरह संभव है, जिससे दोनों देशों और दुनिया को लाभ मिलेगा। इस दृष्टि को साकार करने के लिए दोनों पक्षों को एक ही दिशा में प्रयास करना होगा, ताकि पारस्परिक सम्मान, शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व और समान जीत वाला सहयोग प्राप्त किया जा सके। दोनों पक्षों की टीमों के बीच हाल में हुए विचार-विमर्श में समानता, सम्मान और आपसी लाभ की भावना प्रतिबिंबित हुई। हम दोनों देशों के बीच संबंधों में मौजूद मुख्य समस्याओं को उचित रूप से निपटारा कर सकते हैं, ताकि समान जीत वाला परिणाम मिल सके। अमेरिका को एकतरफा व्यापारिक प्रतिबंधात्मक उपायों से बचना चाहिए और कई दौर के परामर्श के बाद प्राप्त परिणामों पर प्रभाव नहीं डालना चाहिए।
वहीं, ट्रंप ने कहा कि चीनी जनता के जापानी आक्रमण विरोधी युद्ध की विजय की 80वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में सैन्य परेड शानदार रही। अमेरिका-चीन संबंध दुनिया में सबसे महत्वपूर्ण द्विपक्षीय संबंध हैं। दोनों देशों के बीच सहयोग से दुनिया की शांति और स्थिरता के लिए लाभदायक कई महान कार्य पूरा हो सकते हैं। अमेरिका चीन के साथ दीर्घकालीन और बेहतर संबंध कायम रखना चाहता है और दोनों देशों के बीच आर्थिक व व्यापारिक सहयोग बढ़ाना चाहता है। अमेरिका दोनों देशों की टीमों के बीच परामर्श का समर्थन करेगा और उचित रूप से टिकटॉक मुद्दे का समाधान करेगा। अमेरिका विश्व शांति बनाए रखने के लिए चीन के साथ प्रयास करने को तैयार है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)

