जम्मू-कश्मीर डेस्क: जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर में ईरान के सर्वोच्च नेता आयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत की खबर के बाद लोगों में गहरा आक्रोश देखा जा रहा है। खास तौर पर शिया समुदाय के लोग बड़ी संख्या में सड़कों पर उतर आए और अमेरिका के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। लोगों ने इस घटना को लेकर कड़ा विरोध जताया और कहा कि वे अपने नेता की मौत को कभी नहीं भूलेंगे।
प्रदर्शन के दौरान लोग ‘रहबर तेरे खून से इंकलाब आएगा’ जैसे नारे लगा रहे थे। कई जगहों पर ‘एक से बढ़कर एक जलील, अमेरिका-इजराइल’ और ‘अमेरिका का जो यार है, गद्दार है’ जैसे नारे भी सुनाई दिए। प्रदर्शनकारियों में गुस्सा साफ दिखाई दे रहा था और वे हाथों में पोस्टर और बैनर लेकर मार्च कर रहे थे।
श्रीनगर के ऐतिहासिक लाल चौक पर भी बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हुए। पुरुषों और युवाओं ने अली खामेनेई की तस्वीरें हाथ में ले रखी थीं। कश्मीर के अलग-अलग इलाकों से भी लोगों के सड़कों और इमामबाड़ों में जुटने की खबरें सामने आईं। हालांकि अधिकारियों के अनुसार, शिया बहुल इलाकों में निकाले गए ये मार्च शांतिपूर्ण रहे और कहीं से किसी बड़ी हिंसा की सूचना नहीं मिली। एहतियात के तौर पर कई जगहों पर सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं और हालात पर नजर रखी जा रही है।
#WATCH | Jammu and Kashmir: Shia Muslims in Srinagar stage a demonstration against the killing of Iran’s Supreme Leader Ayatollah Ali Khamenei, who has been killed in Israeli and US strikes pic.twitter.com/9000suU2Ic
— ANI (@ANI) March 1, 2026
ईरान की सरकारी मीडिया ने रविवार, 1 मार्च को सुबह यह दावा किया कि इजराइल और अमेरिका के हमले में अली खामेनेई की मौत हो गई। इससे पहले शनिवार को इजराइल ने अमेरिका के साथ मिलकर तेहरान पर हमला किया था। बताया जा रहा है कि इस हमले के बाद ईरान ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया।
सूत्रों के अनुसार, हमले के दौरान ईरान के सर्वोच्च नेता के परिवार पर भी हमला हुआ, जिसमें उनके साथ कई अन्य लोगों के मारे जाने की खबर है। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि होना बाकी है। इस घटनाक्रम के बाद कश्मीर समेत कई जगहों पर माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है। प्रशासन लोगों से शांति बनाए रखने की अपील कर रहा है और किसी भी अफवाह पर ध्यान न देने की सलाह दी जा रही है।

