नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के हालिया बयान के बाद पाकिस्तान तिलमिला गया है। पाकिस्तान इस मुद्दे को ‘हिन्दुत्व’ की सोच से जोड़कर भारत पर आरोप लगा रहा है और पुराने विवादों की याद दिला रहा है।
राजनाथ सिंह ने क्या कहा था?
दिल्ली में सिंधी समाज के एक कार्यक्रम में बोलते हुए राजनाथ सिंह ने कहा भले ही आज सिंध पाकिस्तान में है लेकिन सभ्यता और संस्कृति के हिसाब से सिंध हमेशा भारत का हिस्सा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में सीमाएं बदल सकती हैं और सिंध दोबारा भारत में शामिल हो सकता है। उनका मतलब था कि सांस्कृतिक रिश्ते कभी टूटते नहीं हैं, चाहे राजनीतिक सीमाएं बदल जाएं।
बयान पर पाकिस्तान ने जताई नाराजगी
राजनाथ सिंह के बयान के बाद पाकिस्तान में हलचल मच गई। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा राजनाथ सिंह की बातें खतरनाक और भ्रामक हैं। भारत पर हिंदुत्व की विस्तारवादी सोच फैलाने का आरोप लगाया। कहा कि ऐसे बयान अंतर्राष्ट्रीय कानून और मान्यता प्राप्त सीमाओं के खिलाफ हैं। पाकिस्तान ने इस बयान की कड़ी निंदा की
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Pakistan Strongly Condemns Indian Defense Minister Rajnath Singh’s Remarks About Pakistan’s Sindh Province https://t.co/wdeTkEg3xY
🔗⬇️ pic.twitter.com/qeXY0JmXgj— Ministry of Foreign Affairs – Pakistan (@ForeignOfficePk) November 23, 2025
सिंध और भारत का ऐतिहासिक रिश्ता
राजनाथ सिंह ने अपने भाषण में बताया कई सिंधी हिंदू 1947 के बंटवारे के बाद सिंध से अलग होने को आज भी नहीं मान पाए। उन्होंने BJP नेता लालकृष्ण आडवाणी की लिखी बातें भी याद दिलाईं। कहा कि सिंध और भारत के बीच गहरा सांस्कृतिक और सभ्यतागत संबंध है।
‘बॉर्डर बदल सकते हैं’
राजनाथ सिंह ने कहा आज सीमाएं जैसी हैं, वो हमेशा वैसी नहीं रहतीं। कल क्या होगा, कोई नहीं जानता। हो सकता है कि सिंध एक दिन फिर भारत में वापस आ जाए। इसी बात ने पाकिस्तान की बेचैनी और बढ़ा दी।
राष्ट्रीय गीत की पंक्तियों का किया जिक्र
उन्होंने बताया कि भारत आज भी गर्व से गाता है। “पंजाब, सिंध, गुजरात, मराठा” इसका मतलब उन्होंने यह बताया कि-सिंध भले आज भारत की जमीन का हिस्सा नहीं है। लेकिन दिल और सभ्यता के स्तर पर सिंध हमेशा भारत के साथ जुड़ा हुआ है। सिंधु नदी को उन्होंने आध्यात्मिक रूप से बेहद पवित्र बताया और कहा कि
सिंध के लोगों के लिए इसकी पवित्रता की तुलना मक्का के आब-ए-ज़मज़म से की जा सकती है।

