इंटरनेशनल डेस्क: हाल में चीन के कुछ मेट्रो स्टेशनों में विदेशी पर्यटकों को हैरान करने वाला दृश्य सामने आया। स्टेशन के हॉल में दीवार के सहारे तमाम सूटकेस रखे हुए हैं, जो पर्यटकों ने घूमने निकलने से पहले यहां छोड़े। ये सूटकेस बिना किसी की निगरानी के रखे हैं, लेकिन यह चोरी नहीं होंगे।
इस बात की सोशल मीडिया पर खूब चर्चा हो रही है। कुछ नेटीजन पर्यटकों के आत्म-सचेत व्यवहार की प्रशंसा करते हैं और कुछ तो मेट्रो स्टेशन के प्रबंधन की सराहना करते हैं। गहराई से देखें, तो यह वास्तव में चीन में सुरक्षित जीवन का एक संक्षिप्त चित्र है।
चीनी लोग सार्वजनिक स्थान पर अपने सामान को बिना निगरानी के रखने की हिम्मत क्यों करते हैं? क्योंकि सब लोग जानते हैं कि चीन में सुरक्षा व्यवस्था बहुत अच्छी है। आम तौर पर चोरी कभी नहीं होती। यह विश्वास यूं ही नहीं आता, बल्कि यह दीर्घकालिक रूप से स्थापित किया जाता है।
मेट्रो स्टेशन में पुलिस और कर्मचारी संजीदगी से गश्त करते हैं और निगरानी कैमरे का पूर्ण कवरेज है। और भी महत्वपूर्ण यह है कि अधिकांश लोग नियम और सार्वजनिक नैतिकता का पालन करते हैं। आपसी विश्वास के तहत पूरा माहौल गर्मजोशी और सुव्यवस्थित बन जाता है।
कुछ देशों में आप शायद अपने बैग को रास्ते के किनारे रखने का साहस नहीं कर सकते। लेकिन चीन में चाहे आप आधी रात सड़क पर चलते हैं, तो मोबाइलफोन को मजबूती से पकड़ने या सुरक्षा की चिंता करने की बिल्कुल जरूरत नहीं होती। कूरियर पार्सल कई दिनों तक घर के दरवाज़े के बाहर रखा हो तब भी गुम नहीं होता। पुस्तकालय या कैफे में कंप्यूटर से सीट सुरक्षित करने के लिए बिल्कुल भी किसी व्यक्ति की निगरानी की जरूरत नहीं होती। यह चीनी शैली की सुरक्षा है, जो चीनी लोगों के लिए आम है, जबकि विदेशी लोगों के लिए चौंकाने वाला है।
अब चीन के बहुत सारे सार्वजनिक स्थलों में पहले से योजना बनाई गई है। भविष्य में छुट्टियों के दौरान लोकप्रिय पर्यटन स्थलों और व्यापारिक क्षेत्रों में सामान रखने का विशेष स्थान स्थापित किया जाएगा। ऐसी दिल को छू लेने वाली छोटी सी बात बाद में और भी आम हो जाएगी। अगर आप पर्यटन के लिए चीन आते हैं और बिना निगरानी के सूटकेस देखते हैं, तो हैरान मत होइए। क्योंकि इसके पीछे एक अदृश्य लेकिन मजबूत सुरक्षा जाल है। इससे आप चीनी शैली की सुरक्षा समझ सकेंगे, यानीकि विश्वसनीय, सुव्यवस्थित, सुरक्षित और स्नेहपूर्ण है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)

