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Pakistan में कहर बनकर टूटा आंधी-तूफान: 19 की मौत, 90 घायल, हाई अलर्ट जारी

इस्लामाबाद: पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में शनिवार को मौसम ने विकराल रूप धारण कर लिया, जब तेज आंधी, भारी बारिश और ओलावृष्टि ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया। आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार, इस भयंकर प्राकृतिक आपदा में कम से कम 19 लोगों की जान चली गई और 90 से अधिक लोग घायल हो गए। प्रांतीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (PDMA) ने रविवार को इस घटना की पुष्टि की।

प्रभावित जिलों में अधिकांश मौतें जर्जर और कच्चे मकानों के ढहने, पेड़ों के गिरने और उड़ते हुए मलबे की चपेट में आने से हुईं। तेज हवाओं ने कई इलाकों में बिजली के खंभे, सौर पैनल, और विज्ञापन बोर्ड उखाड़ दिए, जिससे बड़े पैमाने पर संपत्ति को नुकसान पहुंचा है। लाहौर, मुल्तान, बहावलपुर और अन्य जिलों में मौसम के बदले मिजाज ने आम जनजीवन को पंगु बना दिया। सड़क परिवहन पर भारी असर पड़ा, वहीं मोटरवे पुलिस को कई स्थानों पर मार्ग बंद करने पड़े। दृश्यता बेहद कम होने के कारण यातायात में बाधाएं आईं।

हवाई सेवा भी तूफान के चलते प्रभावित हुई। लाहौर के अल्लामा इकबाल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एक निजी एयरलाइन की फ्लाइट को उतरने में कठिनाई का सामना करना पड़ा। मौसम की गंभीरता को देखते हुए विमान को वापस कराची भेज दिया गया। कई अन्य उड़ानें भी या तो देर से रवाना हुईं या रद्द कर दी गईं। पीडीएमए ने सोमवार तक मौसम के और खराब रहने की चेतावनी दी है। नागरिकों से घरों के भीतर रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।

इस बीच, पीडीएमए के महानिदेशक इरफान अली काठिया ने सभी जिला प्रशासन और राहत एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रहने और प्रभावी तालमेल बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। राहत और बचाव कार्यों के लिए टीमें सक्रिय कर दी गई हैं। पंजाब के लोग अभी भी इस तबाही से उबरने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन सवाल उठ रहे हैं कि क्या भविष्य में इस तरह की प्राकृतिक आपदाओं से बचने के लिए पर्याप्त तैयारी है।

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