इंटरनेशनल डेस्क: ऑस्ट्रेलिया के सिडनी शहर के प्रसिद्ध बोंडी बीच पर यहूदी समुदाय के हनुक्का उत्सव के दौरान एक भीषण आतंकी हमला हुआ। इस हमले में अब तक 15 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है और कई अन्य घायल बताए जा रहे हैं। घटना से पूरे देश में दहशत का माहौल है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि इस हमले को अंजाम देने वाले दो हमलावर पिता और पुत्र थे। हमलावरों की पहचान 50 वर्षीय साजिद अकरम और उनके 24 वर्षीय बेटे नवीद अकरम के रूप में हुई है। हमले के दौरान सुरक्षा बलों ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें साजिद अकरम को मौके पर ही मार गिराया गया और नवीद अकरम घायल अवस्था में पकड़ा गया और उसका इलाज जारी है।
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भीड़ पर की गई अंधाधुंध फायरिंग
ऑस्ट्रेलियाई पुलिस के अनुसार, हनुक्का उत्सव में करीब 1,000 लोग मौजूद थे। इसी दौरान दोनों हमलावरों ने लंबी बंदूकों से भीड़ पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी। पुलिस का कहना है कि दोनों के पास कुल छह लाइसेंसी हथियार थे और इन्हीं हथियारों का इस्तेमाल हमले में किया गया।
मछली पकड़ने की बात कहकर निकले थे घर से
जांच में यह भी सामने आया है कि हमलावरों ने अपने परिवार को बताया था कि वे दक्षिणी तट पर मछली पकड़ने जा रहे हैं। लेकिन इसके बजाय वे सिडनी पहुंचे और इस हमले को अंजाम दिया। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, नवीद अकरम को मौके पर गिरफ्तार किया गया, जबकि उसके पिता पुलिस मुठभेड़ में मारे गए।
हमलावरों की पृष्ठभूमि
जानकारी के अनुसार, साजिद अकरम एक फल की दुकान चलाते थे, जबकि उनका बेटा नवीद अकरम पेशे से राजमिस्त्री था। नवीद हाल ही में बेरोजगार हुआ था, क्योंकि उसके नियोक्ता की कंपनी दिवालिया हो गई थी। उसकी मां ने पुलिस को बताया कि वह पिछले कुछ समय से काम की तलाश कर रहा था।
1998 में ऑस्ट्रेलिया आए थे साजिद अकरम
पुलिस जांच में पता चला है कि साजिद अकरम साल 1998 में छात्र वीजा पर ऑस्ट्रेलिया आए थे। बाद में 2001 में उनका वीजा पार्टनर वीजा में बदल दिया गया और तब से वे रेजिडेंट रिटर्न वीजा पर रह रहे थे। वहीं नवीद अकरम से जुड़ा एक सोशल मीडिया पोस्ट भी सामने आया है, जिसमें दावा किया गया था कि उसने 2022 में पश्चिमी सिडनी के एक इस्लामिक संस्थान से कुरान की पढ़ाई पूरी की थी।
पुलिस का दावा
ऑस्ट्रेलियाई पुलिस ने साफ किया है कि शुरुआती जांच में इस हमले में किसी तीसरे व्यक्ति की भूमिका सामने नहीं आई है। पुलिस का मानना है कि यह हमला पूरी तरह से पिता और बेटे द्वारा ही किया गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं और मामले की गहन जांच जारी है।
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