Site icon Dainik Savera Times

ट्रंप ने ईरान पर नौसेना नाकाबंदी को बताया ‘जीनियस’, परमाणु हथियार बनाने छोड़ने को लेकर कही ये बड़ी बात

donald trump

donald trump

इंटरनेशनल डेस्क: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर चल रहे तनाव के बीच बड़ा बयान दिया है। उन्होंने अमेरिकी नौसेना द्वारा की जा रही नाकेबंदी को बेहद प्रभावी बताते हुए कहा कि यह पूरी तरह सफल रही है। ट्रंप का साफ कहना है कि जब तक ईरान अपना परमाणु हथियार कार्यक्रम पूरी तरह बंद नहीं करता, तब तक किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।

नाकेबंदी को बताया बड़ी सफलता

ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी नौसेना की यह कार्रवाई ‘जीनियस’ है और इससे दुनिया को अमेरिका की सैन्य ताकत का अंदाजा हो गया है। उन्होंने दावा किया कि उनके कार्यकाल से ही सेना को लगातार मजबूत किया गया, जिसकी वजह से आज अमेरिका दुनिया की सबसे ताकतवर सैन्य शक्ति बन चुका है।

ये भी पढ़ें: क्या भारत को वापस मिलेगा कोहिनूर? न्यूयॉर्क के मेयर ने ब्रिटेन किंग से की लौटाने की अपील

उन्होंने आगे कहा कि अब कोई भी देश अमेरिका के साथ चालबाजी नहीं कर सकता। ट्रंप ने वेनेजुएला और ईरान का उदाहरण देते हुए कहा कि वेनेजुएला की सेना जल्दी कमजोर हो गई थी और ईरान की सैन्य क्षमता भी काफी हद तक घट चुकी है। ईरान की नौसेना लगभग खत्म हो चुकी है और उसकी वायुसेना भी अब पहले जैसी मजबूत नहीं रही।

ट्रंप ने साफ शब्दों में कहा कि अमेरिका की शर्त बिल्कुल स्पष्ट है। अगर ईरान को किसी समझौते की उम्मीद है, तो उसे परमाणु हथियार बनाने की दिशा पूरी तरह छोड़नी होगी।

उन्होंने यह भी बताया कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत जारी है, लेकिन अब बातचीत का तरीका बदल गया है। पहले जहां आमने-सामने बैठकें होती थीं, अब ज्यादातर बातचीत फोन के जरिए की जा रही है। हालांकि, ट्रंप ने माना कि आमने-सामने की बातचीत ज्यादा असरदार होती है।

अर्थव्यवस्था पर पड़ा असर

ट्रंप के मुताबिक, इस नाकेबंदी का ईरान की अर्थव्यवस्था पर गहरा असर पड़ा है और देश आर्थिक संकट से गुजर रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार, इसका असर वैश्विक तेल बाजार पर भी पड़ा है, जिससे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी देखने को मिली है।

सेंटकॉम का दावा

CENTCOM के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर ने बताया कि अब तक 42 व्यापारिक जहाजों को वापस लौटाया जा चुका है। ये जहाज नाकेबंदी को तोड़ने की कोशिश कर रहे थे। अमेरिकी सेना लगातार इस क्षेत्र में नजर बनाए हुए है और हर गतिविधि पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है।

ये भी पढ़ें: New Rules May 2026: 1 मई से देश में बदल जाएंगे ये नियम, आम आदमी की जेब पर पड़ेगा सीधा असर

ईरान का प्रस्ताव

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान ने कुछ शर्तों के साथ युद्धविराम का प्रस्ताव दिया है, जिसमें नाकेबंदी हटाने की मांग शामिल है, लेकिन अमेरिका ने इस पर सख्त रुख अपनाया है और कहा है कि जब तक परमाणु कार्यक्रम पर सहमति नहीं बनती, तब तक कोई राहत नहीं दी जाएगी।

होर्मुज जलडमरूमध्य बना तनाव का केंद्र

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज इस समय अमेरिका और ईरान के बीच तनाव का मुख्य केंद्र बना हुआ है। यह दुनिया के सबसे व्यस्त तेल मार्गों में से एक है, जहां आम दिनों में रोजाना 100 से ज्यादा जहाज गुजरते हैं, लेकिन मौजूदा हालात के कारण यहां जहाजों की आवाजाही काफी कम हो गई है।

 

Exit mobile version