चीन-रूस “संयुक्त सागर-2025″ अभ्यास 1 जुलाई को शुरू हुआ, जो 1 से 6 अगस्त तक रूस के व्लादिवोस्तोक के निकट समुद्री और हवाई क्षेत्र में आयोजित किया जा रहा है। अभ्यास में भाग लेने वाले चीनी बेड़े में नौसेना मिसाइल विध्वंसक शाओशिंग और उरुमछी, व्यापक आपूर्ति जहाज छ्येनताओहू और व्यापक बचाव जहाज शीहू शामिल हैं।
31 जुलाई को, जब चीनी नौसेना का बेड़ा व्लादिवोस्तोक के सैन्य बंदरगाह पर पहुंचा, तो रूसी पक्ष ने घाट पर स्वागत समारोह आयोजित किया। इस दौरान, रूसी मुख्य निदेशक ने कहा कि विश्व फासीवाद-विरोधी युद्ध की विजय की 80वीं वर्षगांठ के अवसर पर चीनी नौसेना का व्लादिवोस्तोक पहुँचना इस संयुक्त अभ्यास को विशेष महत्व देता है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि दोनों पक्ष एशिया-प्रशांत क्षेत्र के महासागरों में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए संयुक्त अभियानों और मैत्रीपूर्ण यात्राओं को और गहरा करते रहेंगे।
उधर, चीनी मुख्य निदेशक ने कहा कि एक दशक से भी अधिक समय तक चीन-रूस “संयुक्त समुद्री” अभ्यास श्रृंखला का आयोजन दोनों राष्ट्राध्यक्षों द्वारा प्राप्त रणनीतिक सहमति को लागू करने का एक व्यावहारिक उपाय है, जो नए युग में चीन और रूस के बीच समन्वय की व्यापक रणनीतिक साझेदारी को गहरा करने का एक महत्वपूर्ण उदाहरण है, और साथ ही, यह अंतर्राष्ट्रीय निष्पक्षता व न्याय की संयुक्त रूप से रक्षा करने तथा क्षेत्रीय शांति व स्थिरता बनाए रखने का एक दृढ़ अभ्यास है।
उन्होंने यह भी कहा कि चीनी नौसेना रूसी नौसेना के साथ मिलकर प्रमुख देशों की ज़िम्मेदारियों को निभाने और मानव जाति के साझा भविष्य वाले समुदाय और महासागर के साझा भविष्य वाले समुदाय के निर्माण में और अधिक योगदान देने को तैयार है।
संयुक्त समुद्री अभ्यास में भाग लेने वाले चीनी नौसैनिक बेड़े के अधिकारी के अनुसार, चीन-रूस “संयुक्त सागर-2025” संयुक्त अभ्यास संयुक्त योजना चरण में प्रवेश करेगा। उस समय, दोनों पक्ष आपसी समझ को गहरा करने, द्विपक्षीय मित्रता को बढ़ाने और समुद्री पाठ्यक्रम अभ्यास के अगले चरण की तैयारी के लिए पेशेवर सेमिनार, सांस्कृतिक और खेल आदान-प्रदान आदि गतिविधियाँ आयोजित करेंगे।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
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