16 अप्रैल की दोपहर को चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने पुत्रजया स्थित प्रधानमंत्री भवन में मलेशियाई प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम के साथ वार्ता की। जब शी चिनफिंग कार से प्रधानमंत्री भवन पहुंचे तो अनवर ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। मलेशियाई किशोरों ने दोनों देशों के राष्ट्रीय ध्वज लहराए, हर्षोल्लासपूर्ण ढोल संगीत बजाया, तथा भावपूर्ण लोक नृत्य प्रस्तुत कर दूर से आए अतिथि का गर्मजोशी से स्वागत किया।
शी चिनफिंग ने कहा कि चीन और मलेशिया के बीच पारंपरिक मित्रता हजारों वर्षों से चली आ रही है। दोनों देशों के बीच मैत्री लंबे इतिहास में विकसित हुई है, सांस्कृतिक एकीकरण में बढ़ी है, पारस्परिक लाभ में मजबूत हुई है, तथा सुख-दुख को साझा करने में उत्कृष्ट हुई है। पिछले वर्ष दोनों पक्षों ने राजनयिक संबंधों की स्थापना की 50वीं वर्षगांठ धूमधाम से मनाई थी। और आगामी 50 वर्षों में दोनों पक्षों को साझे भविष्य वाले उच्च स्तरीय रणनीतिक चीन-मलेशिया समुदाय का निर्माण जारी रखना चाहिए, दोनों देशों की जनता के लिए अधिक लाभ पैदा करना चाहिए तथा क्षेत्रीय समृद्धि और स्थिरता के लिए अधिक योगदान देना चाहिए।
इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिये शी चिनफिंग ने तीन सुझाव पेश किये। पहला, रणनीतिक स्वायत्तता का पालन करना होगा और उच्च स्तरीय रणनीतिक सहयोग करना होगा। दूसरा, विकास प्रयासों को एकीकृत करना तथा उच्च गुणवत्ता वाले विकास सहयोग के लिए मानक तैयार करना है। तीसरा है पीढ़ी दर पीढ़ी मैत्री का विकास करना और सभ्यताओं के आदान-प्रदान और आपसी सीख को गहरा करना। ठीक उसी दिन में शी चिनफिंग ने मलेशियाई प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम द्वारा आयोजित स्वागत भोज में भाषण दिया।
इस दौरान उन्होंने कहा कि मैं महामहिम राजा इब्राहिम के निमंत्रण पर मलेशिया की राजकीय यात्रा पर आकर बहुत प्रसन्न हूँ। मैं मलेशियाई पक्ष के विचारशील प्रबंधों और गर्मजोशी भरे आतिथ्य के लिए उनके प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करना चाहता हूं। पिछली बार मैंने 2013 में मलेशिया का दौरा किया था। मैं मलेशिया के सुंदर दृश्यों, विविध संस्कृति और मैत्रीपूर्ण लोगों से बहुत प्रभावित हुआ था। 12 वर्षों के बाद मैं पुनः मलेशिया आकर बहुत प्रसन्न हूं तथा यह देखकर खुश हूं कि मलेशिया तेजी से विकास कर रहा है तथा आधुनिकीकरण में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर चुका है। मेरा मानना है कि महामहिम नरेश और प्रधानमंत्री अनवर के नेतृत्व में मलेशिया अपनी विकासात्मक शक्ति को जारी रखेगा, साथ ही और भी अधिक शानदार उपलब्धियां हासिल करेगा।
उन्होंने कहा कि चीन-मलेशिया मैत्री ऐतिहासिक प्रवृत्ति के अनुरूप है और इसका भविष्य उज्ज्वल है। चीन मलेशिया के साथ मिलकर उच्च स्तरीय रणनीतिक चीन-मलेशिया साझे भविष्य वाले समुदाय का निर्माण करना चाहता है, चीन-मलेशिया संबंधों के लिए नए “स्वर्णिम 50 वर्ष” बनाना चाहता है, दोनों देशों की आधुनिकीकरण प्रक्रियाओं के लिए अधिक समर्थन प्रदान करना चाहता है, ग्लोबल साउथ के लिए एकता और सहयोग का उदाहरण प्रस्तुत करना चाहता है, तथा क्षेत्र और विश्व में शांति, स्थिरता और समृद्धि को बढ़ावा देने के लिए नया और अधिक योगदान देना चाहता है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
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