12 मई की दोपहर को, चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने देश की राजधानी पेइचिंग में स्थित जन बृहद भवन में अलग-अलग तौर पर ब्रुनेई के क्राउन प्रिंस हाजी अल-मुहतादी बिल्लाह और यूनेस्को के महानिदेशक खालिद अल-एनानी से मुलाकात की।
ब्रुनेई के क्राउन प्रिंस बिल्लाह के साथ हुई बैठक में शी चिनफिंग ने कहा कि चीन और ब्रुनेई पड़ोसी देश हैं, जो समुद्री रेशम मार्ग से घनिष्ठ रूप से जुड़े हुए हैं। चीन-ब्रुनेई सहयोग ने न केवल दोनों देशों के लोगों को ठोस लाभ पहुँचाया है, बल्कि बड़े और छोटे राष्ट्रों के बीच समान व्यवहार और पारस्परिक लाभ वाले सहयोग का एक आदर्श भी स्थापित किया है।
शी ने कहा कि पिछले वर्ष, उन्होंने ब्रुनेई के सुल्तान हाजी हसनल बोल्कियाह के साथ साझा भविष्य वाले चीन-ब्रुनेई समुदाय के निर्माण पर एक महत्वपूर्ण सहमति व्यक्त की, जिससे द्विपक्षीय संबंधों में एक नया अध्याय खुला। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि इस वर्ष चीन की “15वीं पंचवर्षीय योजना” (2026-2030) की शुरुआत हो रही है, जबकि ब्रुनेई अपने “विजन 2035” की दिशा में प्रयासरत है। दोनों पक्षों को इसे चीन-ब्रुनेई सहयोग को एक नए स्तर पर ले जाने के लिए एक साझा अवसर के रूप में लेना चाहिए। दोनों देशों को उच्च स्तरीय आपसी विश्वास वाले रणनीतिक साझेदार बनना चाहिए, आपसी लाभ और उभय जीत वाले विकास भागीदार बनना चाहिए, एक दूसरे को समझने और एक दूसरे की परवाह करने वाले सभ्य साझेदार बनना चाहिए, और वैश्विक शासन में सहयोगात्मक भागीदार बनना चाहिए।
वहीं, क्राउन प्रिंस बिल्लाह ने राष्ट्रपति शी चिनफिंग को सुल्तान हसनल की ओर से हार्दिक शुभकामनाएं दीं और कहा कि चीन ब्रुनेई का दीर्घकालिक मित्र है और दोनों देशों के लोगों के बीच गहरी मित्रता है। ब्रुनेई एक-चीन नीति का दृढ़तापूर्वक पालन करता है और दोनों राष्ट्राध्यक्षों द्वारा निर्धारित साझा भविष्य वाले समुदाय के निर्माण की परिकल्पना को आगे बढ़ाने, रणनीतिक सहयोग साझेदारी को गहरा करने, उच्च स्तरीय आदान-प्रदान को बनाए रखने, व्यापार और निवेश सहयोग को मजबूत करने तथा दोनों देशों के लोगों के लाभ के लिए चीन के साथ मिलकर काम करने को तत्पर है। इसके साथ ही, ब्रुनेई आसियान-चीन सहयोग को गहरा करने और क्षेत्रीय समृद्धि व स्थिरता की रक्षा के लिए चीन के साथ मिलकर काम करने के लिए भी उत्सुक है।
उधर, यूनेस्को के महानिदेशक खालिद अल-एनानी से मुलाकात के दौरान, शी चिनफिंग ने प्रशंसा करते हुए कहा यूनेस्को ने सभी देशों के लोगों के बीच आपसी समझ और विश्वास बढ़ाने तथा विभिन्न सभ्यताओं के बीच आदान-प्रदान और आपसी सीख को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। साथ ही, वैश्विक शिक्षा, विज्ञान और सांस्कृतिक शासन में सुधार और उसे बेहतर बनाने में सकारात्मक भूमिका निभाई है।
शी ने यह भी कहा कि चीन यूनेस्को के कार्यों का सक्रिय रूप से समर्थन करता है, और दोनों पक्षों ने विश्व शांति की रक्षा और वैश्विक विकास को बढ़ावा देने के लिए मिलकर बहुत कुछ किया है। चीन यूनेस्को के साथ मिलकर रणनीतिक सहयोग को और गहरा करना चाहता है, ताकि सभी देशों के लोगों को बेहतर लाभ पहुंचाया जा सके।
चीनी राष्ट्रपति शी के अनुसार, चीन यूनेस्को के साथ मिलकर चार वैश्विक पहलों को लागू करने के लिए तैयार है, जिससे सभी देशों के लोग शिक्षा, विज्ञान और सांस्कृतिक विकास के लाभों को साझा कर सकें, मानवता के सामने आने वाली सामान्य चुनौतियों का बेहतर समाधान कर सकें और मानव जाति के साझा भविष्य वाले समुदाय के निर्माण को संयुक्त रूप से बढ़ावा दे सकें।
मुलाकात में एनानी ने कहा कि यूनेस्को के महानिदेशक के रूप में पहली बार चीन की यात्रा करना उनके लिए सम्मान की बात है। उन्होंने सदस्य देशों को एकजुट करने, संवाद और सहयोग को बढ़ावा देने, आपसी समझ को प्रोत्साहित करने, सभ्यताओं के बीच आपसी सीख को बढ़ाने और मानवता की सेवा के लिए यूनेस्को का निर्माण करने की आशा व्यक्त की।
इसके अलावा, एनानी ने यूनेस्को को चीन के दीर्घकालिक और सशक्त समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया और कहा कि यूनेस्को वैश्विक शिक्षा और संस्कृति के स्तर को बढ़ाने, वैज्ञानिक और तकनीकी आदान-प्रदान को बढ़ावा देने, कृत्रिम बुद्धिमत्ता में सहयोग को गहरा करने, चार वैश्विक पहलों को संयुक्त रूप से लागू करने और समस्त मानव जाति के कल्याण को बढ़ाने के लिए चीन के साथ सहयोग को सुदृढ़ करने की आशा करता है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)

