100 villages in Kupwara to become tobacco-free : श्रीनगर। कुपवाड़ा में तंबाकू नियंत्रण कानूनों को सख्ती से लागू करने और लोगों को इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने के लिए जिला प्रशासन ने व्यापक अभियान शुरू करने का फैसला किया है।
DDC श्रीकांत सुसे ने अधिकारियों को COTPA के तहत कार्रवाई तेज करने के निर्देश देते हुए चालू वर्ष के अंत तक 100 गांवों को तंबाकू-मुक्त बनाने और दिसंबर 2026 तक सभी शिक्षण संस्थानों को 100 प्रतिशत तंबाकू-मुक्त परिसर बनाने का लक्ष्य तय किया। कुपवाड़ा के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) ने बैठक में एक विस्तृत प्रस्तुति दी, जिसमें अब तक की उपलब्धियों, चुनौतियों और ज़िले के सभी ब्लॉकों में COTPA-2003 के तहत कार्रवाई के आंकड़ों के बारे में जानकारी दी गई। DDC ने सभी प्रवर्तन अधिकारियों और संबंधित विभागों को तंबाकू-विरोधी अभियानों को तेज़ करने और अपने-अपने अधिकार क्षेत्रों में COTPA चालान की दर में सुधार करने का निर्देश दिया।
उन्होंने सभी अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि वे COTPA चालान और अन्य प्रवर्तन उपायों पर नियमित मासिक प्रगति रिपोर्ट बिना किसी चूक के CMO कार्यालय, कुपवाड़ा को सौंपें। DDC ने ज़िले के उन सभी सार्वजनिक स्थानों पर, जहाँ लोगों का आना-जाना ज़्यादा होता है, NTCP और COTPA के प्रावधानों और स्वास्थ्य चेतावनियों वाले प्रमुख सूचना, शिक्षा और संचार (IEC) सामग्री लगाने का भी निर्देश दिया। बैठक में चालू वर्ष के अंत तक ज़िले के 100 गांवों को पूरी तरह से तंबाकू-मुक्त गांव घोषित करने का लक्ष्य रखा गया। DDC ने आगे निर्देश दिया कि स्कूलों और कॉलेजों सहित सभी शिक्षण संस्थानों को दिसंबर 2026 के अंत तक 100 प्रतिशत तंबाकू-मुक्त परिसर बनाया जाए। बैठक में SDM लोलाब डॉ. मुदस्सिर अहमद, CMO कुपवाड़ा, DYSP मुख्यालय कुपवाड़ा, सभी ब्लॉक चिकित्सा अधिकारी (BMO), खाद्य सुरक्षा अधिकारी और अन्य संबंधित अधिकारी व कर्मचारी शामिल हुए।

