Appeal to NHM employees to return to work : श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर की स्वास्थ्य मंत्री सकीना इटू ने प्रदर्शन कर रहे NHM कर्मचारियों से हड़ताल खत्म कर काम पर लौटने की अपील की है। उन्होंने चेतावनी दी कि स्वास्थ्य सेवाओं में लगातार बाधा बनी रही तो सरकार को कार्रवाई के लिए मजबूर होना पड़ेगा। इटू ने कहा कि वेतन संशोधन समेत कई मांगों का प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा जा चुका है और UT स्तर के मुद्दों को हल करने के लिए प्रशासन प्रयासरत है।
उन्होंने कहा कि अगर हम इस तरह विरोध करते हैं, तो मुझे नहीं लगता कि यह सही होगा। कभी-कभी सरकार को ऐसा कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ता है जो हम नहीं उठाना चाहते। *‘NHM कर्मचारी हेल्थकेयर सिस्टम का अहम हिस्सा हैं’* स्वास्थ्य मंत्री ने NHM कर्मचारियों को हेल्थकेयर डिलीवरी सिस्टम का एक अहम हिस्सा बताया और कहा कि अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों से उनकी लंबी अनुपस्थिति का मरीज़ों की देखभाल पर बुरा असर पड़ रहा है। विरोध कर रहे कर्मचारियों से काम पर लौटने की अपील करते हुए इटू ने कहा, “वे हमारे अपने लोग हैं।
वे हमारे अपने बच्चे हैं। वे हमारे अपने भाई-बहन हैं।” उन्होंने कहा कि सरकार UT (केंद्र शासित प्रदेश) स्तर पर हल किए जा सकने वाले मुद्दों को सुलझाने के लिए तैयार है, जबकि जो मामले उसके अधिकार क्षेत्र से बाहर हैं, उनके लिए केंद्र के साथ बातचीत जारी रहेगी। *वेतन संशोधन का प्रस्ताव पहले ही केंद्र को भेजा जा चुका है* इटू ने कहा कि J&K सरकार ने NHM कर्मचारियों की मांगों से जुड़ा प्रस्ताव पहले ही भारत सरकार को भेज दिया है, खासकर उन मुद्दों पर जो केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन की प्रशासनिक और वित्तीय शक्तियों के दायरे में नहीं आते हैं। उन्होंने कहा, “जो चीज़ें हमारे हाथ में नहीं हैं, उनके लिए हमने आपका प्रस्ताव पहले ही भारत सरकार को भेज दिया है।” मंत्री ने आगे कहा कि उन्होंने हाल ही में नई दिल्ली की अपनी यात्रा के दौरान केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के सामने NHM कर्मचारियों के कम वेतन का मुद्दा उठाया था।
उन्होंने कहा, “मैंने उनसे कहा कि उनका वेतन बहुत कम है। आजकल महंगाई बहुत ज़्यादा है। उन्होंने इसे स्वीकार किया है।” उन्होंने यह भी कहा कि J&K सरकार केंद्र को एक और रिमाइंडर भेजेगी और जल्द दखल देने की मांग करेगी। छुट्टी की सैलरी और पेंशन की मांगों पर भी विचार किया जा रहा है। इटू ने कहा कि NHM कर्मचारियों की कई अन्य मांगों, जिनमें छुट्टी की सैलरी और पेंशन लाभ से जुड़े मुद्दे शामिल हैं, पर भी विचार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रशासन अपने अधिकार क्षेत्र में आने वाले मामलों में हर संभव मदद करेगा, जबकि जिन मांगों के लिए केंद्र की मंजूरी या फंडिंग की जरूरत है, उन्हें भारत सरकार के सामने उठाया जाएगा। *NHM मुद्दों पर इटू ने BJP से सवाल किए* स्वास्थ्य मंत्री ने 2019 से NHM कर्मचारियों की शिकायतों को दूर करने में BJP के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार की भूमिका पर भी सवाल उठाए।

