जम्मू: भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) की जम्मू-कश्मीर शाखा ने जम्मू की एक ज्वेलरी दुकान पर बड़ी कार्रवाई की है। संदेह के आधार पर सर्च और जब्ती अभियान चलाया गया, जिसमें 1,095 गोल्ड कलर की ज्वेलरी आइटम जब्त किए गए।
दुकान के प्रतिनिधि के अनुसार ये आइटम “कोटेड ज्वेलरी”, “नकली ज्वेलरी” या “1 ग्राम गोल्ड प्लेटेड ज्वेलरी” थे। BIS की हॉलमार्किंग योजना के मुताबिक इन्हें असली गोल्ड एलॉय ज्वेलरी नहीं माना जाता। इन आइटम्स पर एक तिकोना निशान लगा था, जो BIS हॉलमार्क या स्टैंडर्ड मार्क जैसा दिख रहा था।

ये ज्वेलरी आइटम और संबंधित दस्तावेज BIS अधिनियम 2016 की धारा 28 के तहत जब्त कर लिए गए हैं। आगे की कार्रवाई कानून के अनुसार की जाएगी। कोटेड या नकली ज्वेलरी के टैग पर BIS हॉलमार्क या स्टैंडर्ड मार्क लगाना गैरकानूनी है। इससे ग्राहकों को गलतफहमी हो सकती है कि ये आइटम BIS हॉलमार्क वाली या सर्टिफाइड हैं।
BIS ने ग्राहकों को सलाह दी है कि सोना खरीदते समय सिर्फ टैग, लेबल या पैकेजिंग पर दिखने वाले BIS लोगो या हॉलमार्क को पर्याप्त न मानें। असली हॉलमार्क वाली सोने की ज्वेलरी पर हॉलमार्क खुद ज्वेलरी पर होना चाहिए। साथ ही छह अंकों वाले HUID नंबर को BIS CARE ऐप के “Verify HUID” फीचर से जरूर चेक करें।
BIS ने ग्राहकों और ज्वेलर्स से अपील की है कि हॉलमार्क के किसी भी शक वाले गलत इस्तेमाल की रिपोर्ट BIS CARE ऐप, complaints@bis.gov.in या hjkbo@bis.gov.in पर ईमेल, या जम्मू की BIS शाखा (SIDCO इंडस्ट्रियल कॉम्प्लेक्स, बारी ब्राह्मणा) को करें। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाती है।