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जम्मू-कश्मीरः जमीन धोखाधड़ी मामला में कार्रवाई, 5 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर

December 21, 2025

जम्मू-कश्मीरः जमीन धोखाधड़ी मामला में कार्रवाई, 5 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर

जम्मू-कश्मीर न्यूज। जम्मू-कश्मीर पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक हाई-प्रोफाइल जमीन धोखाधड़ी मामले में रेवेन्यू डिपार्टमेंट के चार सीनियर अधिकारियों समेत 5 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दायर की। रविवार को क्राइम ब्रांच ने यह जानकारी दी।

जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच कश्मीर ने एक बयान में कहा, “जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच कश्मीर की इकोनॉमिक ऑफेंस विंग ने एफआईआर नंबर 08/2021 में सेक्शन 420, 467, 468, 471, 120-बी आरपीसी और प्रिवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट के सेक्शन 5(2) के तहत श्रीनगर में स्पेशल जज एंटी-करप्शन की माननीय कोर्ट में पांच आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर की है, जिसमें चार सीनियर रेवेन्यू अधिकारी शामिल हैं।”

आरोपियों की पहचान नुसरत अजीज, शाहबाज बोधा, मोहम्मद यासीन कल्ला, आशिक अली और रियाज अहमद भट के रूप में हुई। यह मामला एक शिकायत से शुरू हुआ, जिसमें शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि उन्होंने आरोपी रियाज अहमद भट द्वारा किए गए रजिस्टर्ड सेल डीड के जरिए बलहामा, श्रीनगर में स्थित एक कनाल सात मरला के दो प्लॉट और साथ में 14 मरला से ज्यादा जमीन खरीदी थी।

क्राइम ब्रांच बयान के अनुसार, जमीन का कब्जा विधिवत सौंप दिया गया था और म्यूटेशन नंबर 121, 122 और 67 शिकायतकर्ताओं के पक्ष में कानूनी रूप से प्रमाणित किए गए थे। जांच के दौरान पता चला कि आरोपी विक्रेता ने रेवेन्यू अधिकारियों के साथ मिलकर आपराधिक साजिश रची, सरकारी रिकॉर्ड में धोखाधड़ी से हेरफेर किया और वैध म्यूटेशन को गैर-कानूनी तरीके से रद्द कर दिया, जिससे बेईमानी से विक्रेता के पक्ष में मालिकाना हक बहाल हो गया। इससे उसी जमीन को दूसरे लोगों को दोबारा बेचना संभव हो गया, जिससे शिकायतकर्ताओं को गलत नुकसान हुआ और आरोपी को गैर-कानूनी फायदा हुआ।

जांच में यह भी पता चला कि जमीन के दलाल रियाज अहमद भट के पक्ष में पुराने दस्तावेजों पर बेसिक म्यूटेशन अटेस्ट किए गए थे, उस समय जब संबंधित अधिकारी/कर्मचारी उस तहसील/एस्टेट के अधिकार क्षेत्र में तैनात भी नहीं थे। जांच के दौरान इकट्ठा किए गए सबूतों के आधार पर, जिसमें ऑफिशियल रिकॉर्ड और दस्तावेजी सबूत शामिल हैं, कानून के संबंधित प्रावधानों के तहत संज्ञेय अपराधों के होने की पुष्टि करने के लिए पर्याप्त सामग्री मिली।

बयान में कहा गया कि मामले की न्यायिक जांच के लिए श्रीनगर में स्पेशल जज एंटी-करप्शन की माननीय कोर्ट में चार्जशीट दायर की गई है। क्राइम ब्रांच कश्मीर की इकोनॉमिक ऑफेंस विंग भ्रष्टाचार से लड़ने और नागरिकों के कानूनी संपत्ति अधिकारों की रक्षा करने के प्रति अपनी पक्की प्रतिबद्धता दोहराती है।

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