जम्मू कश्मीर डेस्कः प्रदेश के कोकेरनाग सब-डिवीजन में ट्रेकिंग, हाइकिंग, कैंपिंग और अन्य आउटडोर गतिविधियों पर तत्काल प्रभाव से दो महीने का प्रतिबंध लगा दिया गया है। ये फैसला सुरक्षा चिंताओं को ध्यान में रखते हुए लिया है। यह आदेश मार्गन टॉप, चौहर नाग और सिंथन टॉप क्षेत्रों में लागू होगा।
SDM का आदेश
कोकेरनाग के सब-डिवीजनल मजिस्ट्रेट (SDM) ने पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों से प्राप्त इनपुट के आधार पर यह फैसला लिया है। आदेश में कहा गया है कि इन ऊंचाई वाले और जंगली इलाकों में सुरक्षा से जुड़ी कमजोरियां पाई गई हैं। हाल के दिनों में रात के समय पुलिस नाकों और चेकपोस्ट को पार करने की कोशिशों की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे सार्वजनिक सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा उत्पन्न हुआ है।
प्रतिबंध का दायरा
SDM ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 163 के तहत अपने अधिकारों का प्रयोग करते हुए इन गतिविधियों पर प्रतिबंध लगाया है। आदेश के अनुसार, इन क्षेत्रों में अनियंत्रित आवाजाही, ट्रेकिंग, हाइकिंग और कैंपिंग सार्वजनिक सुरक्षा के लिए जोखिमपूर्ण हो सकती है। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पर्यटन पर असर
मार्गन टॉप, चौहर नाग और सिंथन टॉप साहसिक पर्यटन और ऑफ-बीट ट्रेकिंग के लिए लोकप्रिय माने जाते हैं। विशेष रूप से सिंथन टॉप, पिछले वर्ष गुलमार्ग और सोनमार्ग में कम बर्फबारी के बाद सर्दियों के पर्यटन के लिए एक वैकल्पिक स्थल के रूप में उभरा था। स्थानीय पर्यटन उद्योग से जुड़े लोगों का कहना है कि इस तरह के प्रतिबंध सर्दियों के पर्यटन सीजन पर असर डाल सकते हैं।
सुरक्षा और दिशा-निर्देश
यह प्रतिबंध उत्तर कश्मीर के टंगमार्ग में हाल ही में जारी ट्रेकिंग सुरक्षा सलाह के कुछ ही दिनों बाद लगाया गया है। सुरक्षा बल ऊपरी इलाकों और घने जंगलों में तलाशी अभियान चला रहे हैं। पुलिस ने आम जनता से सहयोग की अपील की है ताकि सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और किसी भी तरह की अफवाह या भ्रम से बचा जा सके। इस बीच, पर्यटन विभाग गुलमार्ग में गाइड लाइसेंसधारकों का सत्यापन भी कर रहा है।

