श्रीनगर: मंगलवार सुबह जम्मू और कश्मीर पुलिस की काउंटर-इंटेलिजेंस कश्मीर (CIK) ने आतंकवाद से जुड़े मामलों की जांच के तहत कश्मीर डिवीजन में व्यापक छापेमारी की। इस कार्रवाई में पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की टीमें भी शामिल रहीं। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, यह रेड घाटी के सात जिलों पुलवामा, बडगाम, कुलगाम, श्रीनगर, बारामूला, अनंतनाग और कुपवाड़ा में की गई।
CIK ने यह कार्रवाई उन संगठनों और व्यक्तियों के खिलाफ की जो ऑनलाइन माध्यमों से आतंकवाद का प्रचार कर रहे हैं, लोगों को कट्टरपंथ की ओर उकसा रहे हैं और आतंकवादी गतिविधियों में भर्ती की कोशिश कर रहे हैं। सूत्रों ने बताया कि यह तलाशी अभियान लगातार चल रही जांच का हिस्सा है, जिसमें डिजिटल और भौतिक सबूत एकत्रित किए जा रहे हैं।
जांच के तहत केस भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 153-A और 505 तथा अनलॉफुल एक्टिविटीज़ (प्रिवेंशन) एक्ट (UAPA) की धारा 13 और 18 के तहत दर्ज किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि छापेमारी के दौरान कई संदिग्ध स्थानों पर दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए हैं, और कई लोगों से पूछताछ की जा रही है।
इस कार्रवाई से स्थानीय नागरिकों में सतर्कता बढ़ गई है। प्रशासन ने जनता से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। सुरक्षा बलों का कहना है कि यह कदम क्षेत्र में आतंकवादी गतिविधियों को रोकने और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है। जांच अभी जारी है और अधिकारियों की ओर से जल्द ही विस्तृत जानकारी साझा करने की संभावना है।

