जम्मू/श्रीनगर: पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के राजनीतिक दलों को केंद्र सरकार से संयुक्त रूप से संपर्क करना चाहिए, ताकि जम्मू-कश्मीर के लोगों से जुड़े मुद्दों पर रचनात्मक बातचीत शुरू की जा सके और उनके संवैधानिक अधिकारों की रक्षा की जा सके। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और जम्मू-कश्मीर के अन्य राजनीतिक और नागरिक समाज के नेताओं को लिखे अपने पत्र में उन्होंने लद्दाख में हाल ही में हुए घटनाक्रमों का जिक्र किया और कहा कि लेह सवारेच्च निकाय और कारिगल लोकतांत्रिक गठबंधन द्वारा केंद्र सरकार के साथ हासिल की गई सफलताएं एक महत्वपूर्ण सबक देती हैं केवल संवाद से ही सार्थक परिणाम प्राप्त हो सकते हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री ने एक संयुक्त राजनीतिक पहल का प्रस्ताव रखा और नेताओं से मतभेदों को भुलाकर जम्मू-कश्मीर पर सार्थक संवाद फिर से शुरू करने के लिए संयुक्त रूप से वकालत करने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री को लिखे अपने पत्र में महबूबा ने कहा कि उन्होंने उनसे मिलने का समय मांगा था, लेकिन उनकी व्यस्तता के कारण यह संभव नहीं हो सका। ‘इसलिए समय कम होने और अब और देरी न कर पाने की स्थिति में, मैं आपको पत्र लिखने का साहस कर रही हूँ। जम्मू और कश्मीर एक बार फिर अपने इतिहास के ऐसे मोड़ पर खड़ा है जहाँ राज्य में निराशा और हताशा का माहौल छाया हुआ है। जम्मू-कश्मीर को इस वर्तमान संकट से निकालने के लिए राजनीतिक दलों और राजनीतिक दलों से ऊपर उठकर व्यापक सहमति की आवश्यकता है।

