
नेशनल डेस्क: केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने शनिवार को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और उनकी सरकार पर कड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जिस नारे “मां, माटी, मानुष” के सहारे ममता बनर्जी सत्ता में आई थीं, आज वही नारा अपना मतलब खो चुका है, क्योंकि बंगाल में अब न मां सुरक्षित है, न आम आदमी और न ही राज्य की जमीन। अमित शाह ने आगे कहा, “जिस तरह भगवान श्रीराम ने राम सेतु बनाकर रावण का घमंड तोड़ा था, उसी तरह बंगाल में भी इस बार बदलाव तय है।”
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उत्तर 24 परगना में बीजेपी के कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित करते हुए अमित शाह ने राज्य की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि बंगाल में महिलाओं की सुरक्षा की स्थिति खराब है, आम लोग टीएमसी के सिंडिकेट और जबरन वसूली से परेशान हैं, और घुसपैठ के कारण राज्य की ज़मीन और राष्ट्रीय सुरक्षा खतरे में है। अमित शाह ने कहा, “मां असुरक्षित है क्योंकि महिलाओं की सुरक्षा की कोई ठोस व्यवस्था नहीं है। मानुष यानी आम जनता टीएमसी के सिंडिकेट से त्रस्त है। और माटी यानी ज़मीन को घुसपैठियों ने कब्ज़े में ले लिया है।”
#WATCH | North 24 Parganas, West Bengal: Addressing Karyakarta Sammelan, Union Home Minister Amit Shah says, “The administration in Bengal has come to an end. The year 2026 is the year to say bye-bye to TMC. The people of Bengal have elected the TMC to get rid of the communists.… https://t.co/w7Q1MEx0hj pic.twitter.com/jLxYmqVCmJ
— ANI (@ANI) January 31, 2026
उन्होंने ममता बनर्जी की तुलना रामायण के रावण से करते हुए कहा कि जैसे रावण खुद को अजेय मानता था, वैसे ही ममता बनर्जी को भी अपनी हार के लिए तैयार रहना चाहिए। शाह ने दावा किया कि आगामी चुनावों में बीजेपी का वोट शेयर 50 प्रतिशत से ज्यादा होगा और पार्टी भारी बहुमत से सरकार बनाएगी। अमित शाह ने आगे कहा, “जिस तरह भगवान श्रीराम ने राम सेतु बनाकर रावण का घमंड तोड़ा था, उसी तरह बंगाल में भी इस बार बदलाव तय है।”
इसके अलावा, वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ का ज़िक्र करते हुए अमित शाह ने ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस पर तुष्टीकरण की राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार देशभर में वंदे मातरम की 150वीं सालगिरह मना रही है, लेकिन टीएमसी ने संसद में इस पर चर्चा का विरोध किया।
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अमित शाह ने कहा कि वंदे मातरम की शुरुआत बंगाल से हुई थी और इसे बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय ने लिखा था। ऐसे में इसका विरोध करना बंगाल की पहचान और भारत के सम्मान का अपमान है। उन्होंने कहा, “ममता बनर्जी नरेंद्र मोदी का विरोध नहीं कर रहीं, बल्कि बंगाल की पहचान और भारत के गौरव का विरोध कर रही हैं।” अंत में अमित शाह ने बंगाल के लोगों से अपील की कि वे आने वाले चुनावों में टीएमसी को सत्ता से हटाएं और राज्य में एक देशभक्त सरकार बनाएं।
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