श्रीनगर: बीएसएफ के कश्मीर फ्रंटियर के महानिरीक्षक (आईजी) अशोक यादव ने सोमवार को अपनी वार्षिक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर सुरक्षा बेहद मजबूत कर दी गई है। उन्होंने कहा कि बीएसएफ एलओसी के पार मौजूद सभी 69 सक्रिय लॉन्चिंग पैड्स पर लगातार नजर रख रही है, जहां लगभग 100 से 120 आतंकवादी घुसपैठ की फिराक में बैठे हैं।
आईजी यादव ने बताया कि साल 2025 में बीएसएफ और सेना ने मिलकर घुसपैठ की 4 बड़ी कोशिशों को नाकाम किया, जिनमें 8 आतंकवादियों को मार गिराया गया। उनकी खुफिया यूनिट “जी शाखा” ने आतंकवादी ग्रुपों की गतिविधियों पर महत्वपूर्ण जानकारी जुटाने में बड़ी भूमिका निभाई। यादव के अनुसार बीएसएफ की जी यूनिट न केवल लॉन्चिंग पैड्स पर नजर रख रही है, बल्कि आतंकियों के कई प्रशिक्षण कैंपों की गतिविधियों की भी लगातार निगरानी कर रही है।
आईजी यादव ने बताया कि 2025-26 में बीएसएफ की सबसे बड़ी उपलब्धि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ रहा। इस दौरान बीएसएफ और भारतीय सेना ने एलओसी के पास पाकिस्तानी चौकियों और आतंकियों के लॉन्चिंग पैड्स पर सटीक और भारी गोलीबारी की।
उन्होंने दावा किया कि इस कार्रवाई में पाकिस्तान की अग्रिम चौकियों को बड़ा नुकसान पहुंचा, कई बंकर तबाह हुए और आतंकियों के कुछ लॉन्चिंग पैड भी पूरी तरह नष्ट हो गए। बीएसएफ की आर्टिलरी रेजिमेंट ने भी इस अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
पहलगाम में पर्यटकों पर हुए हमले के बाद, बीएसएफ ने जम्मू-कश्मीर पुलिस के साथ तालमेल कर गुलमर्ग में विशेष सीआई/सीटी (काउंटर-इंसर्जेंसी/काउंटर-टेरर) टीमें तैनात की हैं। इन टीमों को खास तौर पर ऐसे इलाकों में सुरक्षा प्रदान करने के लिए प्रशिक्षित किया गया है जहां पर्यटकों की बड़ी संख्या रहती है।
मेष: दिन शुभ रहेगा...