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मंदिर ट्रस्ट में क्या गैर-हिंदू सदस्य हो सकते हैं?, वक्फ बिल के विरोध पर बोले दिग्विजय सिंह

नेशनल डेस्क: संसद के दोनों सदनों में वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2025 बहुमत के साथ पारित हो गया है। लेकिन विपक्ष इसे लेकर विरोध जता रहा है। इसी मुद्दे को लेकर पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में विरोध-प्रदर्शन हिंसक हो गया। राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने ऐलान कर दिया है कि वह वक्फ कानून को बंगाल में लागू नहीं होने देंगी। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने शनिवार को सवाल किया कि क्या मंदिर ट्रस्ट में गैर-हिंदू सदस्य हो सकते हैं।

मंदिर ट्रस्ट में क्या गैर-हिन्दू सदस्य हो सकते हैं?
दिग्विजय सिंह ने यहां मीडिया से बातचीत के दौरान कहा, ‘मैं बस इतना पूछना चाहता हूं कि आज जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक राष्ट्र, एक कानून, एक नियम, एक चुनाव की बात करते हैं, तो कानून सभी के लिए समान होना चाहिए। अगर वक्फ बोर्ड में अन्य धर्मों के लोगों को शामिल किया जाता है, तो क्या अन्य समुदायों के लोगों को हिन्दू मठों में शामिल होने का अधिकार है या नहीं। मैं एक सवाल पूछना चाहता हूं कि आज हमारे जितने भी मंदिर के ट्रस्ट हैं, क्या उनमें गैर-हिन्दू सदस्य हो सकते हैं। राम मंदिर ट्रस्ट में यहां तक लिखा है कि वहां का कलेक्टर भी हिन्दू ही होगा। मैं समझता हूं कि मंदिर में हिन्दू और वक्फ में मुसलमानों को ही होना चाहिए।‘

26/11 आतंकी हमले पर कही ये बात 
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के 26/11 आतंकी हमले पर बयान के बारे में दिग्विजय सिंह ने कहा, ‘जिस दिन आतंकी हमला हुआ, उस दिन मेरी मुंबई एटीएस के प्रमुख हेमंत करकरे से बात हुई थी। उन्होंने मुझे एक संगठन के बारे में बताया था जिसके सदस्य बम विस्फोट में शामिल थे और उन्होंने उनके खिलाफ कार्रवाई की थी, जिसके बाद हेमंत करकरे को धमकियां मिल रही थीं। यह बात बिल्कुल सही है, मैंने पहले भी कहा था और आज भी कह रहा हूं।‘ साल 2010 में दिग्विजय सिंह ने एक बयान देकर विवाद खड़ा कर दिया था। उन्होंने कहा था कि हेमंत करकरे ने उन्हें फोन पर बातचीत के दौरान कहा कि उन्हें आरएसएस के सदस्यों से धमकी भरे कॉल आ रहे हैं।

‘बेवकूफों’ को मैं जवाब नहीं देता: फडणवीस 
मुंबई आतंकी हमले के मास्टरमाइंड तहव्वुर राणा को भारत लाए जाने के बाद इस मुद्दे पर राजनीति भी तेज हो गई है। दिग्विजय सिंह के 2010 वाले बयान को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने निराधार बताया और कहा कि वह उन लोगों को जवाब नहीं देते हैं जो ‘बेवकूफों की तरह‘ बोलते हैं। उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को एनआईए ने आतंकी तहव्वुर राणा से करीब तीन घंटे की पूछताछ की है।

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