नेशनल डेस्क : छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव के बाद से केंद्र सरकार ने नक्सलियों के खिलाफ अपनी कार्रवाई और तेज कर दी है। लगातार चल रहे ऑपरेशनों के चलते अब नक्सलियों का सफाया तेजी से हो रहा है। इसी सिलसिले में शनिवार, 7 मई 2025 को बीजापुर जिले में सुरक्षाबलों ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की। सुरक्षाबलों ने दो बड़े इनामी नक्सलियों को मुठभेड़ में मार गिराया। इन दोनों नक्सलियों के पास से अत्याधुनिक हथियार भी बरामद हुए हैं। आइ जानते है इस खबर को विस्तार से…
कौन-कौन मारे गए नक्सली ?
आपको बता दें कि इस मुठभेड़ में मारे गए नक्सलियों में पहला नाम सुधाकर का है, जिस पर एक करोड़ रुपए का ईनाम घोषित था। वहीं दूसरा नक्सली भास्कर है, जिस पर कुल मिलाकर 45 लाख रुपए का ईनाम था। जिसमें से 25 लाख छत्तीसगढ़ सरकार और 20 लाख तेलंगाना सरकार की ओर से घोषित थे।
कैसे हुई मुठभेड़?
दरअसल, यह मुठभेड़ बीजापुर के इंद्रावती नेशनल पार्क क्षेत्र में हुई। सुरक्षाबल उस इलाके में गश्त कर रहे थे, जब नक्सलियों से आमना-सामना हो गया। दोनों तरफ से तेज गोलीबारी हुई। यह इलाका पहले से ही नक्सल प्रभावित माना जाता है। मुठभेड़ में अब तक चार नक्सली कमांडर मारे जा चुके हैं। मारे गए भास्कर के शव के पास से AK-47 राइफल और अन्य विस्फोटक बरामद हुए।
भास्कर कौन था?
बता दें कि भास्कर उर्फ मैलारापू अडेपू उर्फ मंडुगुला भास्कर राव, तेलंगाना के अदीलाबाद जिले के अरुमदला गांव का रहने वाला था। वह CPI (माओवादी) की तेलंगाना राज्य समिति के मंचेरियल कोमारंब-भीम डिवीजन का सचिव था। वह लंबे समय से नक्सली गतिविधियों में शामिल था और कई बड़े हमलों का मास्टरमाइंड भी बताया जाता है।
सुधाकर की पहचान
दूसरे नक्सली सुधाकर उर्फ नर सिंघाचलम पर 1 करोड़ रुपये का इनाम था। वह महाराष्ट्र, तेलंगाना और छत्तीसगढ़ तीनों राज्यों की पुलिस का वांछित अपराधी था। सुधाकर को गुरुवार को नेशनल पार्क इलाके में हुए ऑपरेशन में मारा गया। वह नक्सलियों की शीर्ष लीडरशिप में शामिल था।
सुरक्षाबलों की संयुक्त कार्रवाई
इस मुठभेड़ को अंजाम देने वाली टीम में कोबरा बटालियन, DRG (डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड) और STF (स्पेशल टास्क फोर्स) के जवान शामिल थे। यह ऑपरेशन लंबे समय से योजना के तहत चलाया जा रहा था।
IG का बयान
बस्तर रेंज के आईजी पी. सुंदरराजन ने मुठभेड़ की पुष्टि करते हुए बताया कि मारे गए नक्सलियों के पास से हथियारों के साथ-साथ दस्तावेज और नकदी भी बरामद हुई है। उन्होंने बताया कि सुरक्षाबल क्षेत्र में अब भी सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं ताकि बाकी बचे नक्सलियों को भी पकड़ जा सके या ढेर किया जा सके।
नक्सलियों को लगातार झटका
इस कार्रवाई से यह साफ है कि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर नक्सलवाद के सफाए की दिशा में गंभीर हैं। सुरक्षाबलों की यह कामयाबी न सिर्फ उनके मनोबल को बढ़ाती है, बल्कि क्षेत्र में शांति बहाली की दिशा में भी बड़ा कदम मानी जा रही है।

