नेशनल डेस्क: वाराणसी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संसदीय क्षेत्र में मॉरीशस के प्रधानमंत्री डॉ. नवीनचंद्र रामगुलाम और उनके प्रतिनिधिमंडल का स्वागत किया। पीएम मोदी ने कहा कि भारत और मॉरीशस केवल साझेदार नहीं, बल्कि एक परिवार की तरह हैं। उन्होंने काशी की संस्कृति और परंपराओं को मॉरीशस से गहराई से जुड़ा बताया।
पीएम मोदी ने बताया कि हाल ही में भारत और मॉरीशस के रिश्तों को संवर्धित रणनीतिक साझेदारी का दर्जा दिया गया है। दोनों नेताओं ने वार्ता में क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों के साथ-साथ द्विपक्षीय सहयोग की पूरी समीक्षा की। मोदी ने कहा कि भारत हमेशा मॉरीशस की संप्रभुता और उपनिवेशवाद के खिलाफ लड़ाई में उसके साथ खड़ा रहा है।
#WATCH | Varanasi, Uttar Pradesh: Prime Minister Narendra Modi says, “I am proud to say that India and Mauritius are not just partners but a family. Mauritius is an important pillar of India’s Neighbourhood First policy and Vision Mahasagar. In March, I had the privilege of… pic.twitter.com/510oVxhp24
— ANI (@ANI) September 11, 2025
विशेष आर्थिक पैकेज का ऐलान
बैठक में एक विशेष आर्थिक पैकेज का ऐलान किया गया, जिसके तहत बुनियादी ढांचा, रोजगार, और स्वास्थ्य सेवाओं को मज़बूती दी जाएगी। भारत मॉरीशस में आयुष उत्कृष्टता केंद्र, 500 बेड का एसएसआरएन अस्पताल, और पशु चिकित्सा विद्यालय बनाएगा। इसके अलावा, चागोस समुद्री संरक्षित क्षेत्र, हवाई अड्डे के एटीसी टॉवर और नई सड़कों की परियोजनाओं पर भी काम आगे बढ़ेगा। मोदी ने कहा, यह पैकेज सहायता नहीं, बल्कि हमारे साझा भविष्य में निवेश है।
डिजिटल लेनदेन को बढ़ावा देने के लिए मॉरीशस में पहले ही UPI और RuPay कार्ड शुरू किए जा चुके हैं। अब दोनों देश स्थानीय मुद्रा में व्यापार को भी सक्षम बनाएंगे। ऊर्जा सहयोग के तहत भारत ने मॉरीशस को 100 इलेक्ट्रिक बसें देने का वादा किया है, जिनमें से 10 पहुंच भी चुकी हैं। इसके अलावा टैमरिंड फॉल्स में 17.5 मेगावाट फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट बनाया जाएगा।
#WATCH | Varanasi, Uttar Pradesh: Prime Minister Narendra Modi says, “It is a matter of pride for me that I am getting the opportunity to welcome you in my parliamentary constituency. Since time immemorial, Kashi has been a symbol of India’s civilisation and cultural soul. Our… pic.twitter.com/Ufo4ZJjmwr
— ANI (@ANI) September 11, 2025
शिक्षा और प्रशिक्षण के क्षेत्र में भी बड़ा कदम उठाया
शिक्षा और प्रशिक्षण के क्षेत्र में भी बड़ा कदम उठाया गया। अब तक 5,000 से अधिक मॉरीशस नागरिक भारत में प्रशिक्षण ले चुके हैं। हाल ही में 500 सिविल सेवकों के प्रशिक्षण का निर्णय हुआ था, जिनका पहला बैच मसूरी में प्रशिक्षण ले रहा है। जल्द ही मॉरीशस में विज्ञान और प्रौद्योगिकी निदेशालय स्थापित किया जाएगा।
शिक्षा सहयोग के लिए आईआईटी मद्रास और भारतीय वृक्षारोपण प्रबंधन संस्थान ने मॉरीशस विश्वविद्यालय से समझौते किए हैं। समुद्री सुरक्षा को लेकर भी अहम कदम उठाए गए हैं। भारत ने मॉरीशस के तटरक्षक जहाज का नवीनीकरण शुरू किया है और 120 अधिकारियों को भारत में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। हाइड्रोग्राफी के क्षेत्र में भी समझौते हुए हैं, जिसके तहत अगले पाँच वर्षों तक दोनों देश समुद्री सर्वेक्षण और डेटा साझा करेंगे। पीएम मोदी ने कहा कि सर शिवसागर रामगुलाम की 125वीं जयंती भारत-मॉरीशस संबंधों को और मजबूत बनाने की प्रेरणा है।
#WATCH | Varanasi, UP: Mauritius PM Dr. Navinchandra Ramgoolam says, “…I also want to thank you, Prime Minister and your government for the generous courtesy that has been extended to us, to my delegation since our arrival. On our landing in Varanasi, both my wife and I were… pic.twitter.com/YlupvzS4LX
— ANI (@ANI) September 11, 2025
भारत हमेशा मॉरीशस की प्रगति में साथी रहा: रामगुलाम
वहीं, मॉरीशस के प्रधानमंत्री रामगुलाम ने वाराणसी में मिले भव्य स्वागत पर खुशी जताते हुए कहा कि भारत हमेशा मॉरीशस की प्रगति में साथी रहा है और शिक्षा, स्वास्थ्य, ऊर्जा और बुनियादी ढांचे में भारत का सहयोग मॉरीशसवासियों के जीवन में बड़ा बदलाव ला रहा है। जैसा कि प्रधानमंत्री ने कहा, ”यह शिक्षा, ऊर्जा, बुनियादी ढाँचे और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए एक विशेष आर्थिक पैकेज है। प्रधानमंत्री जी, आपके आशीर्वाद से आयुर्वेदिक केंद्र भी एक असाधारण केंद्र होगा।”

