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ये है भारत का सबसे महंगा शहर, यहां अमीरों के लिए भी घर खरीदना आसान नहीं

Mumbai news

नेशनल डेस्क : मुंबई को भारत की आर्थिक राजधानी माना जाता है। इस शहर को भारत की मायानगरी भी कहा जाता है, जहां अपने लिए घर खरीदना अमीरों के लिए भी आसान नहीं है। एक चौंका देने वाली रिपोर्ट सामने आई है। नई रिपोर्ट के अनुसार महाराष्ट्र के सबसे अमीर परिवारों को भी मुंबई में रहने के लिए अगर औसत साइज का घर खरीदना है तो उनको लगभग 109 साल तक सेविंग करनी होगी।

नई रिपोर्ट में भारत के 21 राज्यों की राजधानियों का जिक्र किया गया है। इन सभी शहरों में मुंबई सबसे महंगी हाउसिंग मार्केट मानी गई है। टाइम्स ऑफ इंडिया ने इस रिपोर्ट को प्रकाशित किया है। रिपोर्ट को नेशनल हाउसिंग बोर्ड (NHB) और शहरी आय के अनुमान का यूज करके तैयार किया गया है। बताया गया है कि महाराष्ट्र में जो परिवार टॉप 5 फीसदी इनकम वाले वर्ग में आते हैं, उनकी सालाना एवरेज इनकम 10.7 लाख रुपये होती है।

भारत की औसत बचत दर 32 फीसदी के अनुसार ये लोग सालभर में लगभग 3.2 लाख रुपये सेव कर सकते हैं। मुंबई की बात करें तो एक सामान्य फ्लैट (1184 वर्ग फीट) खरीदने के लिए लगभग साढ़े 3 करोड़ रुपये चुकाने होते हैं। ये आंकड़ा मार्च 2025 के हिसाब से लिया गया है, जब प्रति स्कवायर फीट की कीमत 29911 रुपये मानी गई है।

कई शहरों का रिपोर्ट में जिक्र

इस हिसाब से अमीर परिवारों को भी घर खरीदने के लिए 109 साल लग जाएंगे। रिपोर्ट में मुंबई के अलावा कई अन्य शहरों का जिक्र भी किया गया है, जहां घर खरीदना आसान नहीं है। हरियाणा के गुरुग्राम शहर का भी जिक्र किया गया है। यहां अमीर लोगों को एक औसत घर खरीदने के लिए लगभग 64 साल तक सेविंग करनी पड़ेगी।

चंडीगढ़ में प्रॉपर्टी के रेट कम

बेंगलुरु में अमीर परिवारों को घर खरीदने के लिए उपरोक्त आंकड़ों के आधार पर 36 और दिल्ली में 35 साल तक सेविंग करनी होगी। रिपोर्ट में चंडीगढ़ में प्रॉपर्टी खरीदना आसान बताया गया है, जहां औसत घर के लिए 15 साल तक सेविंग करनी होगी।

इससे पहले ANAROCK ने 2023 में एक रिपोर्ट जारी की थी, जिसमें बताया गया था कि भारत के टॉप 7 शहरों में एक साल में ही प्रॉपर्टी की कीमतों में 23 फीसदी तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। NCR इलाके की बात करें तो सबसे तेज बढ़ोतरी 56 फीसदी दर्ज की गई। वहीं, बेंगलुरु में दाम 44 फीसदी और हैदराबाद में 37 फीसदी तक बढ़ गए।

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