नेशनल डेस्क : भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के बीच भारत की सैन्य कार्रवाई में कुछ बड़े आतंकवादी संगठन के प्रमुख आतंकवादी मारे गए हैं। लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद के आतंकवादी 7 मई को पाकिस्तान में भारतीय हमलों में मारे गए। इन आतंकवादियों में शामिल थे अबू जुंदाल, खालिद उर्फ अबू अकाशा, हाफिज मोहम्मद जमील, मोहम्मद यूसुफ अजहर और मोहम्मद हसन खान। आइए जानते है इस खबर को विस्तार से…
यह जानकारी विभिन्न सुरक्षा सूत्रों से मिली है, जो इस हमले से संबंधित हैं। इस कार्रवाई को भारतीय सेना ने आतंकवादियों के खिलाफ एक बड़ी सफलता के रूप में देखा है।
मारे गए आतंकियों के नाम
-हाफिज मोहम्मद जमील (जैश-ए-मोहम्मद)
-मोहम्मद यूसुफ अजहर उर्फ उस्ताद जी उर्फ मोहम्मद सलीम उर्फ घोसी साहब (जैश-ए-मोहम्मद)
-मुदस्सर खादियन खास उर्फ मुदस्सर उर्फ अबू जुंदाल (लश्कर-ए-तैयबा)
-मोहम्मद हसन खान (जैश-ए-मोहम्मद)
-खालिद उर्फ अबू अकाशा (लश्कर-ए-तैयबा)
आतंकवादियों के बारे में जानकारी
-हाफिज मोहम्मद जमील (जैश-ए-मोहम्मद):
- हाफिज मोहम्मद जमील जैश-ए-मोहम्मद का प्रमुख आतंकवादी था और वह मौलाना मसूद अजहर का साला था।
-मोहम्मद यूसुफ अजहर उर्फ उस्ताद जी उर्फ मोहम्मद सलीम उर्फ घोसी साहब (जैश-ए-मोहम्मद):
- मोहम्मद यूसुफ अजहर, जो कि मौलाना मसूद अजहर का साला था, जैश-ए-मोहम्मद से संबद्ध था और कई आतंकवादी घटनाओं में शामिल था।
-मुदस्सर खादियन खास उर्फ अबू जुंदाल (लश्कर-ए-तैयबा):
- अबू जुंदाल लश्कर-ए-तैयबा का एक बड़ा आतंकवादी था। उसकी जनाजे की नमाज एक सरकारी स्कूल में हुई थी, जो जमात-उद-दावा के प्रमुख हाफिज अब्दुल रऊफ द्वारा पढ़ी गई।
- नमाज समारोह में पाक सेना के एक वरिष्ठ अधिकारी और पंजाब पुलिस के आईजी भी शामिल हुए थे।
-मोहम्मद हसन खान (जैश-ए-मोहम्मद):
- मोहम्मद हसन खान, जो जैश-ए-मोहम्मद से जुड़ा हुआ था, पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (POK) में जैश के ऑपरेशनल कमांडर मुफ़्ती असगर खान कश्मीरी का बेटा था।
- उसने जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी हमलों को समन्वय करने में अहम भूमिका निभाई थी।
-खालिद उर्फ अबू अकाशा (लश्कर-ए-तैयबा):
- खालिद उर्फ अबू अकाशा लश्कर-ए-तैयबा से जुड़ा हुआ था और जम्मू-कश्मीर में कई आतंकी हमलों में शामिल था। इसके अलावा, वह अफगानिस्तान से हथियारों की तस्करी में भी लिप्त था।
- उसका अंतिम संस्कार फ़ैसलाबाद में हुआ, जिसमें पाकिस्तानी सेना के वरिष्ठ अधिकारी और फ़ैसलाबाद के डिप्टी कमिश्नर शामिल हुए थे।
पाकिस्तान के खिलाफ भारत की कार्रवाई
भारत ने इन आतंकियों के खिलाफ की गई इस कार्रवाई के माध्यम से आतंकवाद के खिलाफ अपनी दृढ़ नीतियों को स्पष्ट किया है। भारतीय सुरक्षा एजेंसियों और सेना ने स्पष्ट किया है कि आतंकवादियों को अब किसी भी प्रकार की छूट नहीं दी जाएगी और आतंकी संगठनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
यह कार्रवाई भारत की सुरक्षा और आतंकवाद के खिलाफ की जा रही सक्रिय रणनीति का हिस्सा है, जिसमें पाकिस्तान से जुड़ी आतंकवादी गतिविधियों को नष्ट करने का लक्ष्य है।

