Major accident Manikaran ; नेशनल डेस्क : हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के मणिकर्ण में रविवार (30 मार्च) को एक भयानक हादसा हुआ, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। यहां एक बड़ा चीड़ का पेड़ सड़क पर गिर गया, और इस हादसे में कई लोग इसके नीचे दब गए। अब तक 6 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। पुलिस और प्रशासन फिलहाल रेस्क्यू अभियान में जुटे हैं और घायलों को अस्पताल पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं।
पेड़ गिरने से 6 लोगों की मौत
यह घटना मणिकर्ण गुरुद्वारा के पास की है, जहां एक विशाल चीड़ का पेड़ सड़क पर गिरा। इस पेड़ की चपेट में आकर सड़क पर खड़े कई लोग दब गए। स्थानीय प्रशासन ने इस हादसे में 6 लोगों की मौत की पुष्टि की है, जिनमें एक रेहड़ी संचालक, एक सूमो ड्राइवर और तीन पर्यटक शामिल हैं। घटना के बाद एसडीएम कुल्लू, विकास शुक्ला मौके पर पहुंचे और बचाव कार्य का जायजा लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पेड़ गिरने के बाद इसके साथ भारी मलबा भी नीचे आया, जिससे मृतकों और घायलों के बचने की कोई उम्मीद कम हो गई।
पहचान का काम जारी
इस हादसे में मारे गए लोगों की पहचान फिलहाल नहीं हो पाई है। स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने इस पर काम शुरू कर दिया है। एडीएम कुल्लू, अश्वनी कुमार ने पुष्टि की है कि हादसे में 6 लोगों की जान गई है और कुछ अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायल लोगों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। प्रशासन ने राहत कार्य तेज कर दिया है ताकि और कोई लोग पेड़ और मलबे के नीचे न दबे हों।
At least 6 people died and several were injured when a huge old tree fell on parked vehicles near the Manikaran Gurudwara in Kullu, Himachal Pradesh.#HimachalPradesh pic.twitter.com/70wPVkCICJ
— Smriti Sharma (@SmritiSharma_) March 30, 2025
भूस्खलन और पेड़ गिरने की आशंका
स्थानीय अधिकारियों का मानना है कि यह हादसा भूस्खलन के कारण हुआ हो सकता है। पहाड़ी से गिरा हुआ पेड़ पूरी तरह से जड़ से उखड़कर गिरा, और इसके साथ भारी मलबा भी नीचे आ गिरा। यह मलबा अब राहत कार्य में बाधा डाल रहा है, लेकिन प्रशासन ने इसे हटाने के प्रयास तेज कर दिए हैं। आशंका जताई जा रही है कि मलबे में और लोग दबे हो सकते हैं, लिहाजा रेस्क्यू ऑपरेशन जोरों पर चल रहा है।
रेस्क्यू और राहत कार्य
घटना के बाद से स्थानीय प्रशासन और पुलिस रेस्क्यू कार्य में जुटे हैं। स्थानीय लोग भी प्रशासन की मदद कर रहे हैं और घायलों को अस्पताल पहुंचाने में अपना सहयोग दे रहे हैं। राहत टीमों ने घटनास्थल से मलबा हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है, ताकि और भी दबे हुए लोगों को निकाला जा सके। इस क्षेत्र में बचाव कार्य की दिशा में हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं, और प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
कुल्लू में हादसों की बढ़ती संख्या
यह घटना कुल्लू जिले में सुरक्षा की स्थिति पर सवाल उठाती है, जहां पहले भी भूस्खलन और पेड़ गिरने जैसी घटनाएं हो चुकी हैं। प्रशासन को अब इस तरह के हादसों को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है ताकि भविष्य में ऐसे हादसों से बचा जा सके और लोगों की जान की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने अधिक सतर्कता बरतने और स्थानीय लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।

