इंटरनेशनल डेस्क: पाकिस्तान-अधिकृत गिलगित-बाल्टिस्तान में मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई है। तेज बारिश के कारण आई अचानक बाढ़ में कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई अन्य लापता हैं। स्थानीय प्रशासन ने 37 बुरी तरह प्रभावित इलाकों में आपातकाल घोषित कर दिया है।
स्थानीय मीडिया रिपोटरें के अनुसार, बाढ़ से पर्यटन और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है। अब तक अनुमानित 20 अरब रुपए से अधिक की संपत्ति को नुकसान हुआ है।
37 इलाके आपातकाल घोषित
जारी अधिसूचना के अनुसार, डायमर जिले के 12, गिलगित के 9, घिजर के 5, स्कर्दू और शिगर के 4-4, गांचै के 2 और नगर व खरमंग जिलों के 1-1 क्षेत्र को आपदा प्रभावित घोषित किया गया है। अधिसूचना में कहा गया, ‘मॉनसून 2025 के दौरान हुई भारी बारिश के चलते गिलगित, घिजर, नगर, दीमर, स्कर्दू, गांचै, शिगर और खरमंग जिलों के कई मौज़ों में बाढ़ ने गंभीर नुकसान पहुंचाया है।
इनमें मानव जीवन, मवेशियों, घरों, बुनियादी ढांचे और खड़ी फसलों को भारी नुकसान हुआ है।‘ स्थानीय अधिकारी फैज़ुल्लाह फराज के अनुसार, ‘अब तक 10 लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें से अधिकतर पर्यटक थे। चार अन्य घायल हुए हैं, जिन्हें प्राथमिक चिकित्सा दी गई है।‘
मौसम विभाग ने जारी की बाढ़ की चेतावनी
इस बीच, पाकिस्तान मौसम विज्ञान विभाग (पीएमडी) ने शुक्रवार को देश के कई हिस्सों में भारी बारिश, तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ बाढ़ की चेतावनी जारी की है। पूर्वानुमान के अनुसार, पंजाब, खैबर-पख्तूनख्वा, उत्तर-पूर्वी बलूचिस्तान, पाकिस्तान-अधिकृत गिलगित-बाल्टिस्तान और पाकिस्तान-अधिकृत कश्मीर में भारी बारिश होने की संभावना है।
वहीं, इस्लामाबाद में 40 प्रतिशत बारिश और तूफान की संभावना जताई गई है। बता दें कि पिछले कुछ दिनों से पाकिस्तान में बारिश ने जमकर तबाई मचाई है, जिससे बड़ी संख्या में लोगों को मौत हुई हैं और बड़े पैमाने पर इंफ्रास्ट्रर को भी नुकसान पहुंचा है।

