
गुरुपर्व के पावन अवसर पर आज अंबाला शहर के ऐतिहासिक गुरुद्वारा श्री मंजी साहिब में बड़ा हादसा होने से टल गया। दरअसल गुरुद्वारा में बने निशान साहिब के वस्त्र बदलने के लिए जब एक सेवादार निशान साहिब के शिखर पर पहुंचा तो अचानक रस्सी टूट गई और सेवादार निशान साहिब पर ही लटक गया। लगभग 2 घण्टे से ज्यादा वक्त तक सेवादार बिना किसी सेफ्टी के निशान साहिब पर ही लटका रहा। जिसके बाद गुरुद्वारा साहिब में अफरा तफरी का माहौल पैदा हो गया और आनन फानन में दमकल विभाग व SDM अंबाला को मौके पर बुलाया गया।
कई घण्टों की कड़ी मशक्कत के बाद निशान साहिब पर लटके सेवादार को सकुशल नीचे उतारा गया। जानकारी देते हुए गुरुद्वारा साहिब से जुड़े सेवादारों व मैनेजमेंट के पदाधिकारियों ने बताया कि जिस चरखडी के जरिये सेवादार वस्त्र बदलने के लिए निशान साहिब के शिखर पर जाते हैं अचानक उसकी तार टूटने से यह हादसा हो गया। गनीमत रही की सेवादार ने निशान साहिब को मजबूती से पकड़ लिया और वह नीचे नहीं गिरा। निशान साहिब पर फसे सेवादार ने कहा कि तार टूटने की वजह जब वो ऊपर फंस गया तो ज्यादा की वजह से नीचे आवाज नहीं पहुंच पा रही थी। ऐसे में उसका नीचे खड़े सेवादारों व संगत से संपर्क लगभग टूट सा गया था। वहीं SGPC के सदस्यों ने मांग की है कि गुरुद्वारा के सभी सेवादारों को वॉकी टॉकी दिए जाएं।
ज्यादा जानकारी देते हुए मौके पर मौजूद एसडीएम अंबाला दर्शन कुमार ने बताया की उन्हें सूचना मिली थी की निशांत साहब के वस्त्र बदलने के लिए सेवादार ऊपर चढ़ा था और चरखी टूटने की वजह से वह ऊपर ही फस गया इसके बाद हाइड्रोलिक क्रेन को बुलाया गया हालांकि अच्छी बात रही क्रेन जल्दी उपलब्ध हो गई वरना पंचकुला से बुलाना पड़ता, 2 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद सेवादार को नीचे उतार लिया गया इस दौरान किसी को कोई चोट नहीं आई है।
मेष: दिन शुभ रहेगा...