नई दिल्लीः पहलगाम आतंकवादी हमले की पहली बरसी पर भारतीय सेना ने बुधवार को आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में अपने दृढ़ संकल्प को दोहराते हुए कहा कि भारत के खिलाफ किसी भी कृत्य का जवाब निश्चित तौर पर दिया जाएगा। पिछले साल 22 अप्रैल को आतंकवादियों ने दक्षिण कश्मीर के पहलगाम में 26 लोगों की हत्या कर दी थी जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे। इस जघन्य कृत्य ने पूरे देश को झकझोर दिया था और दुनिया भर की सरकारों तथा नेताओं ने इसकी निंदा की थी। सेना ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”भारत के खिलाफ कृत्यों का जवाब निश्चित तौर पर दिया जाएगा। न्याय जरूर किया जाएगा! हमेशा! #सिंदूरवर्षगांठ# न्याय कायम रहे, # राष्ट्र सर्वोपरि।”
For acts against #India, the response is assured.
Justice will be served. Always.#SindoorAnniversary #JusticeEndures #NationFirst pic.twitter.com/w6PRIpp0bM
— ADG PI – INDIAN ARMY (@adgpi) April 22, 2026
इस पोस्ट के साथ साझा किए गए एक डिजिटल पोस्टर में वर्दी पहने तीन सशस्त्र सैनिक एक बड़े लाल घेरे की पृष्ठभूमि में एक-दूसरे के बगल में खड़े हैं और कैप्शन में लिखा है, ”ऑपरेशन सिंदूर जारी है…”। पोस्टर में ‘ऑपरेशन महादेव’ का भी उल्लेख है जो हमले के तुरंत बाद संबंधित आतंकवादियों का पता लगाने और उन्हें मार गिराने के लिए शुरू किया गया था।
पहलगाम हमले की पहली बरसी की पूर्व संध्या पर, भारतीय सेना ने मंगलवार को कहा था, ”जब मानवता की सीमाएं लांघ दी जाती हैं, तो जवाब निर्णायक होता है”। निर्णायक सैन्य अभियान शुरू करने के बाद, भारतीय सेना ने छह-सात मई, 2025 की रात, 1:51 बजे ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में लिखा था, ”पहलगाम आतंकवादी हमला न्याय मिला! जय हिंद!” इसके साथ ही ‘ऑपरेशन सिंदूर’ नाम का एक डिजिटल पोस्टर भी जारी किया गया था।
बाद में, पाकिस्तान ने भी भारत के खिलाफ हमले किए, और भारत द्वारा किए गए सभी जवाबी हमले भी ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत ही किए गए। परमाणु हथियारों से लैस दोनों पड़ोसी देशों के बीच लगभग 88 घंटे तक चला सैन्य संघर्ष 10 मई को एक सहमति पर पहुंचने के बाद रुक गया था। पिछले एक साल में शीर्ष भारतीय सैन्य अधिकारियों ने कई बार इस बात पर जोर दिया है कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ”अभी भी जारी है”, और देश की सैन्य तैयारी चौबीसों घंटे और पूरे साल ”बहुत उच्च” स्तर पर बनी रहनी चाहिए।

