गुवाहाटी: असम के 21 जिलों में बाढ़ ने छह लाख से अधिक लोगों को प्रभावित किया है और बाढ़ के कारण हाेने वाली मौतों का आंकड़ा बढ़कर 12 तक पहुंच गया है।
सरकारी सूत्रों ने कहा कि बाढ़ से 1.66 लाख से अधिक बच्चे भी प्रभावित हुए हैं। राज्य में लगातार बारिश के कारण विभिन्न हिस्सों में भूस्खलन होने से राज्य की राजधानी गुवाहाटी में पांच लोगों की मौत हो गयी है।
असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अनुसार बाढ़ के कारण 21 जिलों के 69 राजस्व क्षेत्रों के 1,506 गांव जलमग्न हो गये हैं। बाढ़ के पानी ने 14739.39 हेक्टेयर कृषि भूमि को भी प्रभावित किया है, जिनमें से कुछ में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचा है।
सरकार ने बाढ़ में फंसे लोगों की मदद के लिए 511 राहत शिविर और राहत वितरण केंद्र खोले हैं। अधिकारियों ने बताया कि 8,269 बच्चों समेत कुल 39,746 लोगों ने राहत शिविरों में शरण ली हुई है।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा और मंत्रिमंडल के सहयोगी बाढ़ प्रभावित जिलों और राहत शिविरों का दौरा करके स्थिति का जायजा ले रहे हैं। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन से बाढ़ में फंसे लोगों की मदद के लिए राहत कार्यों को प्राथमिकता देने को कहा है।
मंगलवार को मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने राज्य में मौजूदा बाढ़ की स्थिति के बारे में जानकारी लेने के लिए उन्हें फोन किया था। शर्मा ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कहा,“मैंने उन्हें (प्रधानमंत्री को) बताया कि कैसे असम और आसपास के राज्यों में लगातार बारिश के कारण बाढ़ आई और इससे कई लोगों की जान पर बन आयी है। मैंने उन्हें राहत कार्यों से भी अवगत कराया। प्रधानमंत्री ने चिंता व्यक्त की और राहत और पुनर्वास प्रयासों के मामले में मुझे पूरा समर्थन देने का आश्वासन दिया।”
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