भिवानी में एक पिता ने अपने बेटा–बेटी की हत्या कर दी। व्यक्ति ने पहले बच्चों को जहर दिया फिर उनका गला घोंट दिया। ताकि बचने की कोई उम्मीद ही न बचे। इसके बाद उसने खुद भी जहर निगल कर आत्महत्या करने की कोशिश की। लेकिन मौत होने से पहले उसे स्थानीय लोगों द्वारा अस्पताल में उपचार हेतु पहुंचा दिया।
स्थानीय लोगों ने पुलिस को दी जानकारी में बताया कि एक माह पहले 8 मई को व्यक्ति की पत्नी की मौत हो गई थी। पत्नी ने भी जहर निगल कर आत्महत्या की थी। मृतकों की पहचान गांव धनाना निवासी 17 वर्षीय बसंत और 16 वर्षीय आरुषि के रूप में हुई है। दोनों के पिता सुभाष सिविल अस्पताल में उपचाराधीन है।
स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच में जुट गई। बसंत और आरुषि को मारने की बाद सुभाष ने खुद की सुसाइड की तैयारी कर रखी थी। सुभाष पत्नी की मौत के बाद से व्यथित था, और जीना नहीं चाहता था। हालांकि उसने कई बार पत्नी की मौत हो लेकर पुलिस से जांच करने की मांग की थी। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
जिसके बाद सुभाष ने आत्महत्या की योजना बना ली। लेकिन बाद में बच्चों का क्या होगा? इस चिंता पर उसने पहले बच्चों मारने और बाद में खुद सुसाइड करने की योजना बनाई। इसी योजना के तहत मौका देखा कर सुभाष ने बच्चों को जहर दे दिया। बाद में दोनों का गला घोंटा और फिर खुद भी जहर निगल लिया।
घटना के दिन घर पर केवल सुभाष और उसके दोनों बच्चे थे। सुभाष के माता–पिता घर पर नहीं थे। आत्महत्या के8 योजना के लिए सुभाष काफी दिनों से न्यूड की गोलियां जमा कर रहा था। मौका मिलते ही उसने घटना को अंजाम दे दिया।
सुभाष ने पत्नी की मौत का इल्जाम अपनी मां पर लगाया। सुभाष के अनुसार सुभाष की पत्नी को उसकी मां ने जहर देकर मारा था। जिसकी शिकायत पुलिस थाने में करने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। घटना के समय वह खेत में था। जब बापास आया तो पत्नी को मृत पाया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। जांच की जा रही है।

