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बाबा चैतन्यानंद सरस्वती गिरफ्तार, छात्राओं से छेड़छाड़ और धोखाधड़ी के लगे हैं आरोप

Baba Chaitanyananda Saraswati

Baba Chaitanyananda Saraswati

Baba Chaitanyananda Saraswati : देश को शर्मसार करने वाले एक और कथित संत की गिरफ्तारी ने पूरे देश में सनसनी फैला दी है। छात्राओं के यौन उत्पीड़न, धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े के संगीन मामलों में आरोपी बाबा चैतन्यानंद सरस्वती को आखिरकार दिल्ली पुलिस ने आगरा के ताजगंज इलाके के एक होटल से गिरफ्तार कर लिया। बाबा को दिल्ली लाकर आज कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां पुलिस उसकी रिमांड की मांग कर सकती है।

होटल में छिपा था बाबा
दिल्ली पुलिस की एक विशेष टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर बाबा को होटल ‘फर्स्ट ताजगंज’ से पकड़ा। गिरफ्तारी के समय वह खुद को विदेशी नागरिक बताने की कोशिश कर रहा था और उसके पास एक फर्जी यूएन डिप्लोमैटिक कार्ड भी मिला है। पुलिस को शक है कि बाबा किसी राजनीतिक शरण की तैयारी में था।

कोर्ट ने खारिज की अग्रिम जमानत, 8 करोड़ रुपये फ्रीज
इससे पहले कोर्ट ने चैतन्यानंद की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी थी। साथ ही दिल्ली पुलिस ने बाबा के 18 बैंक खातों और 28 एफडी में जमा कुल 8 करोड़ रुपये की संपत्ति को फ्रीज कर दिया है। ये संपत्ति बाबा के ट्रस्ट और संस्थानों से जुड़ी हुई है।

17 पीड़िताओं के बयान दर्ज
पुलिस जांच में सामने आया है कि बाबा चैतन्यानंद ने दिल्ली के श्री शारदा इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च समेत कई स्थानों पर छात्राओं के साथ यौन उत्पीड़न किया। अब तक 17 पीड़िताओं के कोर्ट में बयान दर्ज किए जा चुके हैं, जिसमें कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। पीड़िताओं ने बताया कि बाबा उन्हें कमरे में बंद रखता था, फोन छीन लेता था और रात में अश्लील बातें करता था।

पुराने केस फिर चर्चा में, परिवार तक पहुंचा था खतरा
चैतन्यानंद के खिलाफ 2009 और 2016 में भी एफआईआर दर्ज हो चुकी है। 2016 की घटना में एक छात्रा किसी तरह बाबा के चंगुल से भागी थी, लेकिन उसके पीछे बाबा के लोग उसके घर तक पहुंच गए थे। छात्रा के पिता ने साहस दिखाते हुए उन्हें खदेड़ा और अपनी बेटी को बचाया।

फर्जी नंबर प्लेट और अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की जांच
चैतन्यानंद पर फर्जी डिप्लोमैटिक नंबर प्लेट का भी आरोप है। पुलिस के मुताबिक, वह लाल रंग की SUV में सफर करता था, जिसमें बार-बार बदलती ‘UN’ वाली नंबर प्लेटें लगी होती थीं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि क्या उसका कोई अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क या विदेशी संपर्क भी है।

अगले कदम: न्यायिक हिरासत या रिमांड?
आज दोपहर बाबा को कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस उसकी कस्टोडियल रिमांड की मांग कर सकती है ताकि ट्रस्ट के फंड, दस्तावेज़ों और कथित अंतरराष्ट्रीय कनेक्शनों की गहराई से जांच हो सके।

 

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