Last Updated: November 4, 2026

Dainik Savera Times Logo

मुजफ्फरपुर अस्पताल अग्निकांड पर बिहार सरकार ने जताया दुख, मृतकों को मुआवजा देने का किया ऐलान

June 4, 2026

मुजफ्फरपुर अस्पताल अग्निकांड पर बिहार सरकार ने जताया दुख, मृतकों को मुआवजा देने का किया ऐलान

नेशनल डेस्क: बिहार के मुजफ्फरपुर स्थित एक निजी अस्पताल में लगी भीषण आग ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। देर रात अस्पताल के आईसीयू में आग लगने के बाद वहां अफरा-तफरी मच गई। शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस हादसे में कई मरीजों की मौत हो चुकी है और कई अन्य गंभीर हालत में विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराए गए हैं।

जानकारी के मुताबिक, अस्पताल में आग लगने की शुरुआत रात करीब 2 बजे हुई थी। हालांकि अग्निशमन विभाग को इसकी सूचना सुबह लगभग 3:55 बजे मिली। सूचना मिलते ही दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। दमकल कर्मियों ने अस्पताल से कई मरीजों को बाहर निकाला। इनमें कुछ मरीज बेहोश अवस्था में मिले और कई ऑक्सीजन सपोर्ट पर थे। कई लोगों की हालत बेहद गंभीर बताई जा रही थी।

धुएं से बिगड़ी स्थिति

अस्पताल की ऊपरी मंजिल पर स्थित आईसीयू में आग के बाद बड़ी मात्रा में धुआं भर गया। बताया जा रहा है कि धुएं के कारण मरीजों को सांस लेने में भारी परेशानी हुई। प्रारंभिक जांच में माना जा रहा है कि अधिकांश मौतें आग की लपटों से नहीं बल्कि दम घुटने के कारण हुईं। अग्निशमन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि प्रथम दृष्टया शॉर्ट सर्किट आग लगने की संभावित वजह लग रही है। हालांकि वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच की जा रही है।

ये भी पढ़ें: होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर ट्रंप का बड़ा दावा, कहा- बातचीत काफी अच्छी चल रही है

बढ़ सकती है मृतकों की संख्या

घटना के बाद मरीजों और मृतकों की वास्तविक संख्या को लेकर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सकी है। कई परिजनों का दावा है कि कुछ मरीजों का अब तक पता नहीं चल पाया है। जिला प्रशासन ने भी माना है कि परिजनों से लगातार ऐसी शिकायतें मिल रही हैं, जिससे भ्रम की स्थिति बनी हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बचाव अभियान के दौरान कई मरीजों को आसपास के दूसरे अस्पतालों में भेजा गया। इन मरीजों की स्थिति और संख्या को लेकर प्रशासन द्वारा जानकारी जुटाई जा रही है।

खिड़कियां और दरवाजे तोड़कर निकाले गए मरीज

राहत कार्य के दौरान दमकल कर्मियों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। आईसीयू और अन्य वार्डों में फंसे मरीजों तक पहुंचने के लिए कई जगह खिड़कियां और दरवाजे तोड़ने पड़े। जो मरीज चलने-फिरने में असमर्थ थे या ऑक्सीजन पर थे, उन्हें बेहोशी की हालत में बाहर निकाला गया। प्रक्षदर्शियों का कहना है कि घटना के दौरान भारी अफरा-तफरी थी। इसी बीच कई मरीजों को जल्दबाजी में दूसरे अस्पतालों में भेजा गया, जिससे उनके बारे में जानकारी जुटाने में कठिनाई हो रही है।

सरकार ने मुआवजे का किया ऐलान

बिहार सरकार ने इस दुखद हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की है। सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने का फैसला किया गया है। प्रशासन का कहना है कि घायलों के इलाज के लिए सरकारी अस्पतालों में विशेष व्यवस्था की गई है और सभी प्रभावित लोगों को आवश्यक चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। प्रशासन ने कुछ मृतकों की पहचान कर ली है और अन्य की पहचान की प्रक्रिया जारी है। अधिकारियों के अनुसार, सभी प्रभावित परिवारों से संपर्क किया जा रहा है और मामले की पूरी जांच कराई जाएगी।

 

जांच के बाद सामने आएगी पूरी सच्चाई

फिलहाल अस्पताल में आग लगने के कारणों और सुरक्षा व्यवस्थाओं की जांच की जा रही है। प्रशासन यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि कहीं किसी प्रकार की लापरवाही तो नहीं हुई। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह और जिम्मेदार लोगों के बारे में स्पष्ट जानकारी मिल सकेगी।

ये भी पढ़ें: 4 June 2026 Ka Rashifal: आज इन 3 राशियों को मिलेगा आर्थिक लाभ, सिंह-तुला राशि न लें जल्दबाजी में कोई फैसले, पढ़ें दैनिक राशिफल

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें