Property of WaQf Board Bihar ; नेशनल डेस्क : विपक्ष के विरोध के बावजूद, वक्फ संशोधन बिल लोकसभा और राज्यसभा से पारित हो गया, और शनिवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इस पर हस्ताक्षर कर दिए, जिससे यह अब कानून बन गया है। इस नए कानून का मुख्य उद्देश्य वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जों को रोकना और इनके सही दावेदारों को उनका हक दिलाना है। सरकार का कहना है कि इस कानून से वक्फ संपत्तियों के विवादों को सुलझाने में मदद मिलेगी। अब हम विस्तार से जानते हैं कि बिहार में वक्फ संपत्तियों की स्थिति क्या है। आइए समझते है इस खबर को विस्तार से…
बिहार में वक्फ संपत्तियों की स्थिति
आपको बता दें कि बिहार में वक्फ बोर्ड की संपत्तियों की संख्या बहुत बड़ी है। राज्य में कुल 3000 से ज्यादा वक्फ संपत्तियां हैं। इन संपत्तियों में सबसे बड़ी संख्या सुन्नी वक्फ बोर्ड के पास है, जिसमें लगभग 2900 संपत्तियां हैं। इसके अलावा, शिया वक्फ बोर्ड के पास 327 संपत्तियां हैं, जिनमें से 117 पटना में स्थित हैं।
सुन्नी वक्फ बोर्ड की संपत्तियां
वहीं अगर हम सुन्नी वक्फ बोर्ड की बात करें तो उनके पास करीब 7,500 बीघा जमीन है। हालांकि, इनमें से कई संपत्तियां विवादित हैं। सुन्नी वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष मोहम्मद इरशादुल्लाह के अनुसार, इस बोर्ड की लगभग 250 से 300 संपत्तियां वक्फ ट्रिब्यूनल और हाईकोर्ट में लंबित हैं। इसके अतिरिक्त, सुन्नी वक्फ बोर्ड की 25% जमीन पर अवैध कब्जा भी है, जिसके कारण वक्फ संपत्तियों का सही आकलन नहीं हो सका है। सर्वे की कमी के कारण यह समस्या और भी जटिल हो गई है।
शिया वक्फ बोर्ड की स्थिति
शिया वक्फ बोर्ड के पास 327 संपत्तियां हैं, जिनमें से 138 मामलों की सुनवाई वक्फ ट्रिब्यूनल में हो रही है, जबकि 37 मामले हाईकोर्ट में लंबित हैं। शिया वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष अफजाल अब्बास के अनुसार, इस बोर्ड की संपत्तियों पर भी अवैध कब्जे हैं, और इन विवादों को सुलझाने में समय लग सकता है।
पटना में वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जा
पटना में वक्फ बोर्ड के पास कई महत्वपूर्ण संपत्तियां हैं, लेकिन इन संपत्तियों पर भू-माफियाओं ने कब्जा कर लिया है। सबसे बड़ा उदाहरण डाक बंगला चौराहा है, जहां करीब 17 बीघा जमीन पर अवैध कब्जा किया गया है। इस मामले में 146 कब्जाधारियों ने कानूनी लड़ाई हारने के बावजूद कब्जा जारी रखा है।
कब्रिस्तानों की घेराबंदी
बिहार के अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के अनुसार, राज्य में वक्फ स्टेट के अंतर्गत कई कब्रिस्तानों की घेराबंदी की जा रही है। राज्य में कुल 9273 कब्रिस्तानों को चिह्नित किया गया है, जिनमें से 8774 कब्रिस्तानों की घेराबंदी हो चुकी है। इसके अलावा, 367 कब्रिस्तानों की घेराबंदी का काम चल रहा है, और 132 कब्रिस्तानों की घेराबंदी का काम अभी बाकी है।
वक्फ संशोधन बिल के लागू होने से वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जे के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सकती है और इसके सही दावेदारों को उनका हक मिल सकता है। बिहार में वक्फ संपत्तियों की संख्या बहुत बड़ी है, और इनमें से कई विवादित हैं। अब यह देखना होगा कि नया कानून इन विवादों को किस तरह सुलझाता है और बिहार में वक्फ संपत्तियों की स्थिति में क्या सुधार होता है।
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