Budget 2026: आज 1 फरवरी को केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में आम बजट पेश किया। यह उनका लगातार 9वां और मोदी सरकार का 15वां बजट रहा। बजट भाषण के दौरान सरकार की प्राथमिकताएं साफ तौर पर सामने आईं, खासकर कृषि, पशुपालन और ग्रामीण आजीविका को लेकर कई अहम घोषणाएं की गईं। आइए जानते हैं इस बजट में किसानों के हित से जुड़ी बड़ी बातें।
मत्स्य पालन और पशुपालन को मिलेगा बढ़ावा
सरकार ने मछली पालन क्षेत्र को मजबूत करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। बजट के अनुसार, देशभर के 500 जलाशयों और अमृत सरोवरों को मत्स्य पालन से जोड़ा जाएगा। इससे न केवल मछली उत्पादन बढ़ेगा, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
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इसके साथ ही पशुपालकों को राहत देते हुए सरकार लोन सब्सिडी देने की भी घोषणा की है, जिससे डेयरी और पशुपालन से जुड़े किसानों को आर्थिक मजबूती मिलेगी।
नारियल किसानों के लिए नई योजना
नारियल की खेती करने वाले किसानों के लिए भी बजट में खुशखबरी है। सरकार एक नई कोकोनट प्रोत्साहन योजना शुरू करने जा रही है, जिसका उद्देश्य नारियल उत्पादन को बढ़ाना है। इस योजना के जरिए करीब 1 करोड़ किसानों और लगभग 3 करोड़ लोगों को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से लाभ पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
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कोको और काजू को मिलेगा वैश्विक पहचान
बजट में कोको और काजू उत्पादकों के लिए भी खास रणनीति सामने आई है। सरकार का लक्ष्य है कि 2030 तक भारतीय काजू और कोको को प्रीमियम ग्लोबल ब्रांड के रूप में स्थापित किया जाए। इसके लिए अलग-अलग योजनाएं और नीतिगत समर्थन दिया जाएगा, जिससे इन फसलों की अंतरराष्ट्रीय बाजार में मांग बढ़ सके।
ग्रामीण महिलाओं के लिए नए अवसर
ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में भी बजट में कदम उठाया गया है। महिला नेतृत्व वाले उद्यमों को बढ़ावा देने के लिए SHE-मार्ट्स को प्रोत्साहित किया जाएगा। इससे ग्रामीण महिलाएं न केवल उद्यमिता से जुड़ेंगी, बल्कि अपने व्यवसाय की मालिक भी बन सकेंगी।