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CM रेखा गुप्ता को धमकी देने वाला गिरफ्तार, पूछताछ में हुआ चौंकाने वाला खुलासा

CM Rekha Gupta

CM Rekha Gupta

CM Rekha Gupta : दिल्ली पुलिस के उत्तर-पश्चिम जिला स्पेशल स्टाफ की टीम ने दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को जान से मारने की धमकी देने वाले एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। गुरुवार देर रात धमकी भरे कॉल के बाद त्वरित जांच के बाद आरोपी को गाजियाबाद से गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, गाजियाबाद पुलिस कंट्रोल रूम (पीसीआर) को यह धमकी भरा कॉल उस समय मिला, जब आरोपी कथित तौर पर शराब के नशे में था।

गंभीरता से लिया गया मामला-
धमकी मिलने के तुरंत बाद दिल्ली पुलिस कंट्रोल रूम को सूचित किया गया। चूंकि यह एक हाई-प्रोफाइल मामला था, इसलिए मामले को गंभीरता से लिया गया। जांचकर्ताओं ने कॉल करने वाले की पहचान की और उसके ठिकाने का पता लगाया, लेकिन जब तक अधिकारी स्नेह के पास पहुंचे, तब तक संदिग्ध ने अपना मोबाइल फोन बंद कर लिया था। गहन तलाशी के बाद स्पेशल स्टाफ ने उसे गाजियाबाद में एक ठिकाने से गिरफ्तार करने में सफलता पाई।

विवाहित जीवन से खुश नहीं है आरोपी-
शुरुआती पूछताछ में पता चला कि आरोपी त्रिपाठी एक लॉ ग्रेजुएट (एलएलबी) है, जो अपने विवाहित जीवन से खुश नहीं है। उसकी पत्नी ने हाल ही में उसे छोड़ दिया था, जिससे वह भावनात्मक रूप से परेशान था। पुलिस ने कहा कि उसे जान से मारने की धमकी देने से पहले उसने अपनी पत्नी से बात करने की मांग करते हुए एक और कॉल किया था।

आरोपी से मिले फर्जी पहचान पत्र-
दिलचस्प बात यह है कि आरोपी के पास फर्जी पहचान पत्र थे, जो पुलिस प्रमाण पत्र जैसे लग रहे थे, जिससे संदेह पैदा होता है कि उसने खुद को कानून प्रवर्तन अधिकारी के रूप में पेश करने की कोशिश की होगी। अधिकारियों ने कहा कि पूछताछ के दौरान उसने बार-बार पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की।

CM को मिली है Z श्रेणी की सुरक्षा-
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “सुरक्षा एजेंसियां ​​गृह मंत्रालय के निर्देश पर वीआईपी या वीवीआईपी पर खतरे का आकलन करती हैं।” मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को मानक प्रोटोकॉल के अनुसार जेड श्रेणी की सुरक्षा प्राप्त है।

अभी जारी है जांच-
पुलिस यह पता लगाने के लिए अपनी जांच जारी रखे हुए है कि क्या आरोपी का कोई पूर्व आपराधिक इतिहास है या वह अन्य विध्वंसक गतिविधियों से जुड़ा है। पुलिस ने उसके पास मिले फर्जी पुलिस पहचान पत्र के इस्तेमाल की भी अलग से जांच शुरू की है।

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